चंडीगढ़ में सेक्टर 25 स्थित जेपी गारबेज ट्रीटमेंट प्लांट में जिंदा बम सेल मिलने से सनसनी फैल गई । जिस समय बम शेल मिला, प्लांट में करीब 200 लोग काम कर रहे थे।
प्लांट के जीएम का कहना है कि अगर यह बम भट्टी में चला जाता तो बड़ा हादसा हो सकता था पर प्लांट के कर्मचारियों की सजगता से बड़ा हादसा टल गया। पुलिस ने बम को अपने कब्जे में ले लिया है और कल आर्मी को बम डिस्पोज करने के लिए दे दिया जाएगा।
प्राप्त जानकारी केअनुसार शुक्रवार सुबह करीब 10 बजे जब एक कर्मचारी ने प्लांट में लगे मैग्नेटिक सैपरेटर से गिरे बम को देखा। उसने तुरंत प्लांट के मैनेजर आर डी शर्मा को इसकी सूचना दी।
मैनेजर ने बताया कि बम देखते ही एरिया खाली करवा लिया गया और फिर 100 नंबर पर फोन किया। मौके पर पुहंची पीसीआर ने संबंधित थाने में सूचना दी। जिसके बाद मौके पर सेक्टर 24 पुलिस चौकी के इंचार्ज हरमिंद्र सिंह पुहंचे और उन्होने प्लांट में बम डिस्पोजल स्क्वायड को बुला लिया। बम निरोधी दस्ते ने प्लांट को सर्च किया।
पूरी तसल्ली के बाद बम निरोधक दस्ता प्लांट से वापस गया। वहीं प्लांट केजीएम का कहना है कि प्लांट इससे पहले भी कई बार जिंदा बम सेल मिल चुके हैं। हर बार कर्मचारियों की सजगता के कारण उनका पता लग जाता है। उनका कहना है कि ये बता पाना मुश्किल है की यह गारबेज किस एरिया से आया था।
वहीं, पुलिस का कहना है कि बम सेल को कब्जे में ले लिया गया है। बम डिस्पोज करने के लिए आर्मी के हवाले कर दिया जाएगा।