हरियाणा भाजपा अपनी पूर्ण बहुमत की पहली सरकार के कार्यकाल में दूसरी बड़ी बगावत का सामना करने जा रही है। पहले भी अहीरवाल सहित जीटी रोड बेल्ट और केंद्रीय मंत्री बीरेंद्र चौधरी के समर्थक भाजपा विधायकों ने ही सरकार के खिलाफ बगावती सुर अपनाए थे। इस बार भी अनदेखी को लेकर अहीरवाल से ही आवाज बुलंद हुई है।
पिछली बार असंतुष्ट विधायकों, जिन्हें बाद में सुधारक विधायक का नाम दिया गया, की अगुवाई गुरुग्राम से भाजपा विधायक उमेश अग्रवाल कर रहे थे। जबकि, सुधारक विधायकों के खेमे का चेयरमैन रेवाड़ी से विधायक रणधीर कापड़ीवास को बनाया गया था। उस समय असंतुष्ट भाजपा विधायकों उमेश अग्रवाल, रणधीर कापड़ीवास, मूल चंद शर्मा, नरेश कौशिक, प्रेमलता, सुखविंद्र मांढी, संतोष सारवान सहित लगभग डेढ़ दर्जन विधायकों ने काम न होने का मुद्दा उठाकर मोर्चा खोला था।