20 जनवरी को बरनाला की अनाज मंडी में आप सुप्रीमो व दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की ओर से की जा रही रैली आप नेताओं के लिए मूंछ का सवाल बन गई है। सुखपाल खैरा के अलग होने के बाद आप नेता भारी भीड़ जुटाने की कोशिश में लगे हैं, ताकि सुखपाल खैरा यह न सोचें कि उनके जाने के बाद आप आदमी पार्टी विफल हो गई है।
रैली को सफल बनाने के लिए पार्टी के सांसद भगवंत मान लगातार गांवों में बैठके कर हैं, जबकि जिले की दो आप के विधायक गुरमीत सिंह मीत हेयर व विधायक कुलवंत सिंह पंडोरी में रैली में जुटाने के लिए रैलियां करने में व्यस्त हैं। जिले में आम आदमी पार्टी के तीन विधायक चयनित हुए थे, दो विधायक मीत हेयर व कुलवंत पंडोरी पार्टी के साथ खडे हैं, जबकि हलका भदौड़ के विधायक पिरमल सिंह धौला सुखपाल सिंह खैरा के साथ हैं।
उधर, सूत्रों अनुसार गुटबंदी के चलते अब अलग पार्टी बना चुके पंजाबी एकता पार्टी के प्रधान सुखपाल सिंह खैरा ने जोर लगाया हुआ है कि 20 जनवरी को अरविंद केजरीवाल की बरनाला की अनाज मंडी में हो रही रैली सफल न हो पाए, अगर सफल हो गई तो सुखपाल सिंह खैरा की चमक दमक फीकी पड़ जाएगी और लोगों का रुझान फिर से आप की तरफ पलट जाएगा। इसके चलते खैरा की पार्टी के नेताओं ने 20 जनवरी को होने वाली अरविंद केजरीवाल की रैली को विफल करने के लिए हर संभव कोशिश शुरू कर दी है।
लेकिन आप के सांसद भगवंत मान, विपक्ष के नेता हरपाल सिंह चीमा, विधायक बुधराम, विधायक गुरमीत सिंह मीत हेयर, विधायक कुलवंत पंडोरी व जिला प्रधान गुरदीप सिंह बाठ ने दावा किया कि 20 जनवरी को की जाने वाली रैली में ऐतिहासिक भीड़ जुटेगी। कुल मिलाकर 20 जनवरी को बरनाला में होने वाली आप की रैली आप नेताओं के लिए मूंछ का सवाल बनी हुई है।