चंडीगढ़ में गिरी इमारत
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पहले ही इमारत को करवाया था खाली
दरअसल, सेक्टर 17सी में एससीओ नंबर 183-185 इमारत में एक सप्ताह पहले ही रेनोवेशन काम के दौरान बेसमेंट में बने तीन पिल्लरों में दरार आ गई थी। इसके बाद चंडीगढ़ प्रशासन द्वारा पहले ही इमारत को खाली कर दिया गया था और चारों ओर से वेरीकेड्स लगाकर यहां एंट्री बंद कर दी गई थी। इंजीनियरों की टीम ने इसे रहने वालों के लिए असुरक्षित और खतरनाक घोषित कर दिया था। हालांकि सोमवार जब यह इमारत ढही तो यह पूरी तरह से खाली थी और इसमें अंदर कोई नहीं था।
सेक्टर 17 में गिरी बिल्डिंग
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साथ लगती बिल्डिंग भी अब खतरे की जद में आई
वहीं इस इमारत के ढहने के कारण साथ लगती बिल्डिंग भी अब खतरे की जद में आ गई है। इसलिए प्रशासन द्वारा एससीओ नंबर 181-182, सेक्टर 17-सी भी असुरक्षित घोषित कर दिया गया और इसकी स्थिरता व ताकत जांचने के लिए तत्काल निरीक्षण करने के लिए कमेटी गठित की। आपदा प्रबंधन अधिनियम, 2005 की धारा 34 के तहत, जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के उपायुक्त-सह-अध्यक्ष ने निर्देश दिया कि जब तक एससीओ नंबर-181-182 इमारत को इसकी संरचनात्मक स्थिरता के लिए संबंधित अधिकारियों द्वारा निरीक्षण किया जाता है और इस संबंध में एक मंजूरी प्रमाण पत्र जारी किया जाता है, तब तक आम जनता की सुरक्षा के लिए इस बिल्डिंग व उसके आसपास एंट्री बंद रहेगी।