‘नेचर फोटोग्राफी की शौक और पिता की सीख ने गार्डनिंग करना सिखाया था और मैं पिछले 25 सालों से गार्डनिंग कर रहा हूं।’ ये कहना है पंचकूला के सेक्टर-7 निवासी डॉ. संजय कालरा का।
उन्हें नेचर से बहुत प्यार है। इसलिए गार्डनिंग उनकी आदतों में शुमार है। डॉ. कालरा ने अपने घर की छत पर एक टैरिस गार्डन बनाया है। डॉ. कालरा अपने घर के गार्डन के साथ ही पंचकूला के सेक्टर-3 के गोलचक्कर के गार्डन की देख-रेख भी करते हैं।
डॉ. कालरा के गार्डन में करीब डेढ़ सौ गमले लगे हैं। वह रोजाना अपने गार्डन में पौधों की देखरेख के लिए सुबह और शाम दो घंटे समय देते हैं। डॉक्टर कालरा ने बताया कि पिछले 12 साल से वह फ्लावर प्रतियोगिता में हिस्सा ले रहे हैं।