कैप्टन सरकार लाल बत्ती हटा कर वीआईपी कल्चर को खत्म करना चाह रही है, लेकिन ट्रांसपोर्ट विभाग के एक अफसर को इससे इत्तेफाक न रखना भारी पड़ गया। दरअसल लाल बत्ती पर गलत आदेश करने वाले अधिकारी का कैप्टन सरकार ने छुट्टी कर दी। पंजाब के सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह ने कहा है कि सोमवार को लाल बत्ती के संबंध में गलत निर्देश जारी करने वाले ट्रांसपोर्ट विभाग के अफसर को हटाने के आदेश दिए गए हैं।
लाल बत्त्ती नीति में कोई तब्दीली नहीं होगी। सीएम ने वीआईपीज की सुरक्षा वापस लेने की प्रक्रिया धीमी करने की बातों को खारिज किया है। उन्होंने कहा कि मीडिया में जिस पत्र को लेकर असमंजस है, वह उनकी 24 मार्च को डीजीपी केसाथ हुई पहली बैठक से पहले का है। पुलिसकर्मियों को वापस बुलाया जाएगा, वीआईपी रूट की प्रणाली खत्म की जाएगी। पुलिसकर्मियों को आठ घंटे ड्यूटी और सप्ताह में एक छुट्टी के प्रस्ताव पर भी काम चल रहा है।
अकाली सरकार के 10 साल पर आएगा श्वेत पत्र
विधानसभा के प्रेस रूम में मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा कि किसानों की एक इंच जमीन किसी भी कीमत पर कुर्क नहीं होने दी जाएगी। जमीनों की कुर्की रोकने को बजट सत्र में बिल लाया जाएगा। बैंकों को निर्देश दिए गए हैं कि बकाया वसूली को नीलामी के नोटिस जारी न करें। खराब आर्थिक स्थिति पर जल्द श्वेत पत्र लाया जाएगा।
जो लोगों को अकाली-भाजपा सरकार के दस साल की अनियमितताओं से अवगत कराएगा। गेहूं की खरीद केलिए सीसीएल जल्द जारी हो जाएगी। कहा कि चंडीगढ़ में पंजाब-हरियाणा के अफसरों का 60-40 का अनुपात यकीनी बनाया जाएगा। बेअदबी की सभी घटनाओं की जांच चल रही है।