चंडीगढ़। सेकंड इनिंग एसोसिएशन ने पंजाब के राज्यपाल व चंडीगढ़ के प्रशासक बनवारीलाल पुरोहित को शिकायत भेजी है। अध्यक्ष आरके गर्ग ने कहा है कि नगर निगम, प्रशासन और वन विभाग फिजूलखर्ची कर रहे हैं, जो जनहित में नहीं है। उन्होंने मांग की है कि वे इन विभागों में चल रही गतिविधियों का संज्ञान लें और सार्वजनिक धन के दुरुपयोग को रोकें।प्रशासन को भेजी शिकायत में कहा गया है कि नगर निगम तीज महोत्सव के उत्सव के दौरान सजावट के काम पर 1,73,900 रुपये खर्च कर रहा है, जिसमें 15,500 रुपये में फूलों से बना मुख्य द्वार भी शामिल है।
इस कार्यक्रम पर कई लाख रुपये खर्च होने जा रहे हैं। रायपुर कलां में एसीबी केंद्र के उद्घाटन समारोह के दौरान सजावट के काम पर निगम 1,49,350 रुपये खर्च कर रहा है, जिसमें मुख्य द्वार 40,000 और अन्य दो द्वार 20,000 रुपये में बनेंगे। इसके अलावा सेक्टर 17-22 के अंडरपास की दीवारों और फर्श की सफाई, पेंटिंग और कलात्मक कार्य पर भी काफी खर्च हो रहा है। यूटी प्रशासन के सचिवालय में एचएस और एफएस के सम्मेलन कक्ष में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग प्रणाली को 16,56,000 रुपये में लगाया जा रहा है जबकि सचिवालय में पर्याप्त वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग सुविधाएं हैं। वन विभाग 2023-24 के दौरान चंडीगढ़ के शहर और ग्रामीण इलाकों में जंगली जानवरों और सांपों के बचाव पर 15 लाख रुपये की भारी रकम खर्च कर रहा है। इसके अलावा भी कई मामलों का हवाला देकर इसे फिजूलखर्ची बताया है और रोकने की मांग की है।