हरियाणा में कोरोना की स्थिति को देखते हुए डायल 112 की 20-20 गाड़ियों को सभी जिलों में एंबुलेंस के तौर पर लगाया जाएगा। ऑक्सीजन सिलिंडर की कमी को दूर करने के लिए उद्योगों को अपने सिलिंडर संबंधित डीसी के पास जमा करवाने होंगे अन्यथा उनका अधिग्रहण कर लिया जाएगा। इसके साथ ही ऑक्सीजन के टैंकर और वितरण प्रक्रिया पर पुलिस का पहरा रहेगा।
स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज की अध्यक्षता में हुई राज्य स्तरीय कोविड निगरानी समिति की बैठक में यह निर्णय लिया गया। विज ने कहा कि मेडिकल कॉलेजों में पढ़ रहे फाइनल ईयर के एमबीबीएस और पीजी विद्यार्थियों की ड्यूटी लगाई जाएगी। किसी भी सरकारी कर्मचारी को कोरोना होने की स्थिति में उन्हें निजी अस्पतालों में कैशलैस उपचार की सुविधा दी जाएगी।
राज्य की जरूरतों को पूरा करने के लिए सभी बड़े उद्योगों को औद्योगिक ऑक्सीजन को मेडिकल ऑक्सीजन में बदलने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने राज्य के सभी निजी एवं सरकारी अस्पतालों को अपना ऑक्सीजन प्लांट लगाने के निर्देश दिए हैं। सभी डीसी को अपने जिलों में अतिरिक्त बेड की व्यवस्था करने को कहा गया है, इसके लिए बैंक्वेट हॉल, स्कूल, धर्मशाला व सामाजिक संस्थाओं का सहयोग लिया जा सकता है। उन्होंने कहा कि कोविड की जानकारी रखने वाले वरिष्ठ चिकित्सकों का स्थानीय टीवी चैनल व केबल नेटवर्क पर 15-20 मिनट का कार्यक्रम दिखाया जाएगा। इसमें कोरोना के मरीजों को कोविड प्रॉटोकॉल व सावधानियों के बारे में सही प्रक्रिया अपनाने संबंधी जानकारी दी जाएगी।
संक्रमित पुलिस जवानों के लिए हर जिले में स्थापित होंगे कोविड केंद्र
कोविड-19 के बढ़ते संक्रमण के मद्देनजर फ्रंटलाइन योद्धा के रूप में डटे अपने कर्मियों के लिए हरियाणा पुलिस ने पुलिस लाइनों में कोविड देखभाल केंद्र स्थापित करने का निर्णय लिया है। अगले तीन दिनों में हर जिले में 10 से 25 आक्सीजन बेड तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं। जब तक संक्रमित कर्मियों को कोविड अस्पताल में प्रवेश नहीं मिल जाता है, तब तक उन्हें इन केंद्रों के माध्यम से तत्काल चिकित्सीय राहत प्रदान की जाएगी।
यह निर्णय हरियाणा पुलिस महानिदेशक मनोज यादव की अध्यक्षता में पुलिस मुख्यालय में सोमवार को आयोजित एक बैठक में लिया गया। डीजीपी ने बताया कि ये कोविड देखभाल केंद्र पुलिस लाइनों में स्थापित कल्याण केंद्रों एवं नवनिर्मित क्वार्टर में खोले जाएंगे। पुलिस आयुक्त और जिला एसपी तीन दिनों के भीतर ऑक्सीजन सपोर्ट के साथ 10 से 25 बेड की सुविधा का निर्माण करना सुनिश्चित करेंगे। इसके अतिरिक्त, संक्रमित पुलिसकर्मी और स्वास्थ्य सेवा प्रदाता के बीच संचार के लिए इन केंद्रों में टेली-मेडिसिन सुविधाएं भी मुहैया करवाई जाएंगी।
46965 ने पहली और 27296 ने लगवाई दूसरी डोज
बैठक में बताया गया कि 46965 पुलिस कर्मियों को वैक्सीन का पहला टीका लग चुका है जबकि 27296 ने दूसरी डोज ली है। शेष पुलिसकर्मियों को भी जल्द ही दूसरी डोज मुहैया करवाई जाएगी। बैठक में डीजीपी क्राइम मोहम्मद अकील, एडीजीपी आधुनिकीकरण एवं कल्याण आलोक कुमार रॉय, एडीजीपी एडमिन एंड आईटी एएस चावला, एडीजीपी लॉ एंड ऑर्डर, नवदीप सिंह विर्क उपस्थित रहे, जबकि एडीजीपी सीआईडी आलोक मित्तल और एडीजीपी हेडक्वार्टर कला रामचंद्रन वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से जुड़े।
दिवंगत डीएसपी को दी श्रद्धांजलि
बैठक के दौरान डीजीपी मनोज यादव और अन्य सभी वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने झज्जर जिले के बादली में तैनात डीएसपी अशोक दहिया के निधन पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए दिवंगत आत्मा को श्रद्धांजलि दी। दिवंगत आत्मा की शांति के लिए दो मिनट का मौन भी रखा गया।