सुखना लेक पर एयर फोर्स डे के दौरान वजरंग हेलीकॉप्टर फ्लेयर डेमो की अपनी प्रस्तुति दिखाते हुए।
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चंडीगढ़। वायुसेना दिवस पर एयर शो देखने के लिए लोगों का उत्साह बसों के डॉकिंग स्टेशन पर दिखा। पंजीकरण नहीं करवाने वाले लोग भी सुखना लेक जाने वाले सीटीयू की बसों में किसी तरह बैठने की जुगत में लगे दिखे। कुछ लोग आसमान में उड़ते विमानों को कैमरे में कैद करना चाहते थे, लेकिन सुरक्षा व्यवस्था ऐसी चाक- चौबंद थी कि किसी की एक नहीं चल सकी। बिना पंजीकरण के लोग बसों में नहीं बैठ सके तो कैमरे लेकर आए लोगों को पंजीकरण के बावजूद बसों में नहीं चढ़ने दिया गया। लोगों ने छह अक्तूबर की स्थिति को देखते हुए शनिवार को सुबह जल्दी ही अपने पिकअप स्टेशन पर पहुंचना ठीक समझा।
शो देखने के लिए सुखना लेक पर पहुंचे लोगों को इस बार भी भूख-प्यास की समस्या का सामना करना पड़ा। पिछली बार लोगों ने शिकायत की थी कि बैठने के लिए कोई व्यवस्था नहीं की गई है। स्थिति इस बार भी वही थी। सुबह से लोग भूखे ही रहे, हालांकि इस बार लोग पानी साथ लेकर आए थे, लेकिन वह भी कुछ देर बाद खत्म हो गया। वायुयानों के करतबों के रोमांच के आगे वह अपनी भूख-प्यास भूल गए। बड़े हों या बच्चे सभी इस ऐतिहासिक क्षण को मोबाइल में कैद करने में लगे थे। लेक को प्रशासन ने 8 जोन में बांटा था। पिछली बार चिनूक समेत कई विमान जोन तीन के आगे नहीं गए थे, लेकिन इस बार लोगों को पूरा रोमांच देखने को मिला। शो खत्म होने के बाद इस बार सख्ती थी। इसके बावजूद कुछ लोग जल्दी निकलने के चक्कर में सुखना से पैदल ही निकल आए।
दोपहर में बादल छाने से लोग हुए मायूस, मंच से घोषणा सुन फिर चहके
मौसम विभाग ने शनिवार को बारिश के आसार जताए थे। इसे लेकर मौसम वैज्ञानिक भी कार्यक्रम पर पूरी नजर बनाए हुए थे। हर मिनट का हाल सेना और प्रशासन के अधिकारियों को दिया जा रहा था। इस बीच दोपहर में अचानक काली घटा आने से लोग मायूस हो गए। उन्हें लगा कि अब कुछ वायुयान ही उड़ सकेंगे। तभी अचानक मंच से घोषणा की गई कि आप निराश न हों सभी वायुयान करतब दिखाएंगे। बस फिर तो लोग चहक उठे।
बंद रहीं सीटीयू बसें, ऑटो व कैब ही सहारा
शनिवार सुबह 10.30 से रात 8 बजे तक ट्राइसिटी में सीटीयू की बस सेवा बंद रखी गई। क्योंकि चंडीगढ़ ट्रांसपोर्ट अंडरटेकिंग की 400 के करीब बसों को एयर शो की शटल सर्विस के लिए लगाया गया था। ये सभी बसें एयर शो में लोगों को लाने-ले जाने में व्यस्त रहीं। इस दौरान ऑटो और कैब ही लोगों को आने जाने के लिए सहारा रहे। शनिवार होने के कारण सड़कों पर ट्रैफिक कम था इसलिए लोगों को थोड़ी देर ही जाम में जूझना पड़ा।