सरबत दा भला ट्रस्ट के चेयरमैन एसपी ओबेरॉय
पाकिस्तानी युवक की हत्या के मामले में दुबई में फांसी की सजा पाए 10 भारतीयों की रिहाई के लिए समझौता हो गया है। ऐसे में अब उनकी रिहाई की उम्मीद और ज्यादा बंध गई है।
युवकों की रिहाई के लिए समाज सेवी व सरबत का भला ट्रस्ट के चेयरमैन एसपी सिंह ओबराय ने पाकिस्तानी युवक के परिवार को समझौते के तहत 60 लाख रुपए (पाकिस्तानी करंसी) ब्लड मनी देने का वादा किया है।
पंजाबी युवकों के परिवारों ने बताया, अदालत ने इस केस की अगली सुनवाई 27 फरवरी रखी है। उन्हें पूरी आस है, उस दिन उनके बेटे रिहा हो जाएंगे। परिवारों ने विदेश मंत्री सुषमा स्वराज और पंजाब सरकार से भी मांग की है कि उनके बेकसूर बच्चों को छुड़वाने के लिए जल्द से जल्द कोई ठोस कदम उठाएं।
27 फरवरी को पेशी है, रिहा करवा लेंगे
एसपी सिंह ओबराय, चेयरमैन, सरबत दा भला
दुबई के आलाइन शहर में कत्ल हुआ मोहम्मद इजाज पाकिस्तान के पेशावर का रहने वाला था। ओबराय के प्रयासों से ही उसका घर ढूंढा गया। इजाज गरीब परिवार से है। उसके घर में माता-पिता और उसके दो भाई हैं। सरबत का भला ट्रस्ट ने केस अपने एडवोकेट को सौंप रखा है। एसपी सिंह ओबराय ने बताया, अगली सुनवाई 27 फरवरी को है। उन्हें उम्मीद है, वह सभी युवकों को रिहा करवा लेंगे।
अक्टूबर से जेल में हैं ये युवक
26 अक्टूबर 2016 से जेल में बंद युवकों में होशियारपुर का चंदरशेखर, सतविंदर सिंह ठीकरीवाल, चमकौर सिंह मालेरकोटला, कुलविंदर सिंह लुधियाना, कुलदीप सिंह तरनतारन, बलविंदर लुधियाना, धर्मवीर सिंह समराला, हरजिंदर सिंह मोगा, तरसेम सिंह, गुरप्रीत सिंह पटियाला, जगजीत सिंह गुरदासपुर शामिल हैं।