चंडीगढ़। एडवाइजर मनोज परिदा के एक ट्वीट पर मंगलवार दिनभर बहस चलती रही। परिदा ने दोपहर 12 बजे ट्वीट किया कि उनके एक डॉक्टर दोस्त ने नशे के आदी व अन्य लोगों के लिए दो घंटे शराब के ठेके खोलने की बात कही है। उन्होंने इस पर शहरवासियों की राय मांगी।
परिदा के इस ट्वीट के बाद करीब 250 लोगों ने अपनी राय रखी। मामले को बढ़ता देख परिदा को ट्वीट कर बताना पड़ा कि कर्फ्यू के दौरान शराब का कोई ठेका खोला नहीं जाएगा। सुझाव मांगने के ट्वीट पर शहरवासियों ने कई तरह के जवाब दिए। कुछ लोगों का कहना था कि नशे के आदि लोग डिप्रेशन में चले जाएंगे। इसलिए शराब के ठेके कुछ समय के लिए खोल देने चाहिए। कुछ लोगों ने मजाकिया अंदाज में कहा कि कोरोना महामारी के दौरान डॉक्टर के सुझाव को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए और ठेके खोल देने चाहिए। जबकि अन्य लोगों का कहना था कि शराब अनिवार्य चीजों की सूची में नहीं आती है, ऐसे में इसे खोलना ठीक नहीं रहेगा। कुछ अन्य लोगों ने ट्वीट कर यह भी कहा कि अगर आज शराब के ठेके खोलने की इजाजत दी जाती है, तो आने वाले दिनों में अन्य वस्तुओं के इस्तेमाल की भी इजाजत मांगी जाएगी। ऐसे में यह ठीक फैसला नहीं होगा।