चंडीगढ़। तीन नए कानून लागू होने से पहले पुलिस थाने और चौकियों में लंबे समय से लंबित शिकायतों को धड़ाधड़ निपटाने में लगी हुई है। इसी कड़ी में पुलिस ने अलग-अलग थानों में धोखाधड़ी से जुड़े करीब एक दर्जन मामले दर्ज किए हैं। यह मामले एक जुलाई से पहले के हैं, ऐसे में इन्हें पुरानी धाराओं के तहत ही दर्ज किया गया है।
पहले मामले में सेक्टर-46सी निवासी वरुण उतरेजा ने जालंधर के एक मीडिया हाउस पर 70 लाख की की धोधाखड़ी का आरोप लगाया है। शिकायत पर सेक्टर-34 थाना पुलिस ने मीडिया संचालकों के खिलाफ धोखाधड़ी समेत विभिन्न धाराओं में केस दर्ज किया है। शिकायतकर्ता ने बताया कि वर्ष 2021 में उनकी मुलाकात डीएमएके मीडिया हाउस के डायरेक्टर धीरज अरोड़ा और कमल अरोड़ा से हुई थी। उन्होंने कहा कि वे एक पंजाबी फिल्म बना रहे हैं, जिसके लिए बजट में 70 लाख रुपये कम पड़ रहे हैं। उन्होंने वरुण को ऑफर दिया कि अगर वह 70 लाख रुपये देते हैं तो उन्हें 26 लाख रुपये का फायदा होगा। फिल्म बनने के बाद उन्हें 96 लाख रुपये दिए जाएंगे।
इस पर वरुण ने विदेश में रहने वाले अपने रिश्तेदार से रुपये उधार लेकर उन्हें दे दिए। उन्होंने 40 लाख रुपये खाते में जबकि 30 लाख रुपये नकद दिए थे। इसके बाद आरोपियों ने उनका तक फोन उठाना बंद कर दिया। बार-बार कहने के बाद भी रुपये नहीं लौटाए। इस पर उन्होंने सेक्टर-34 थाने में शिकायत दी जिसके आधार पर अब केस दर्ज किया गया है।
दुकान संचालक समेत तीन से धोखाधड़ी : दूसरे मामले में सेक्टर-36 थाना पुलिस को दी शिकायत में सेक्टर-35बी में दुकान चलाने वाले राकेश कुमार गुप्ता ने बताया कि सेक्टर-50ए में रहने वाले लालचंद रोहिल्ला ने उससे मासिक किस्तों पर एसी लिया था। उसने उन्हें फर्जी आइडी और नकली चेक दिया। बाद में किस्तें नहीं चुकाईं। पुलिस ने उसकी शिकायत पर धोखाधड़ी का केस दर्ज किया है। तीसरे मामले में सेक्टर-42सी निवासी अक्षदीप कौशिक की शिकायत पर सेक्टर-36 थाना पुलिस ने उसके पिता की मौत के बाद आधार हाउसिंग फाइनेंस लिमिटेड के कर्मचारी अजय बादयाल, विकास नैन, रनजीत सिंह, गौतम और अन्य ने फर्जी दस्तावेज तैयार कर लिए। इसके अलावा सेक्टर-3 थाना पुलिस को दी शिकायत में ढकोली निवासी अमनप्रीत चीमा ने बताया कि उसने लिबर्टी वीडियोकान जनरल इंश्योरेंस कंपनी से मेडिक्लेम पालिसी खरीदी थी। इसमें उसके साथ 192947 लाख रुपये की धोखाधड़ी की गई। पुलिस ने कंपनी के एमडी संजय शांडिल्य के खिलाफ केस दर्ज किया है।
कर्नल समेत दो के खाते से उड़ाए रुपये
मनीमाजरा में रहने वाले कर्नल जसिंदर पाल सिंह ने 10 जून को साइबर थाना पुलिस को बताया कि उनके खाते से किसी ने 99 हजार 999 रुपये निकाल लिए। पुलिस ने केस दर्ज कर लिया है। वहीं, सारंगपुर थाना पुलिस को दी शिकायत में खुड्ढा लाहौरा निवासी नंदन सिंह ने बताया कि अज्ञात व्यक्ति ने उसका एटीएम कार्ड बदलकर उसके खाते से 1.90 लाख रुपये निकाल लिए। इसके अलावा मनीमाजरा थाना पुलिस ने आईएएस अधिकारी एवं वक्फ बोर्ड के चेयरमैन सचिन राणा की शिकायत पर पांच नामजद सहित अन्य के खिलाफ फर्जी दस्तावेज पेश करने का केस दर्ज किया है। उन्होंने पुलिस को बताया कि मनीमाजरा के मोरी गेट स्थित वक्फ बोड मस्जिद कमेटी का बिजली मीटर बदलने के लिए कमलुद्दीन, उमराद्दीन, इशाक अहमद अंसारी, जमालुद्दी और सित्तर खान ने फर्जी दस्तावेज पेश किए। पुलिस ने उसके खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज कर लिया है।
विदेश भेजने के नाम पर लोगों से ठगी
औद्योगिक थाना क्षेत्र पुलिस ने सेक्टर-29बी निवासी मोहम्मद सादिर की शिकायत पर पंजाब में जालंधर जिले के रूपनगर निवासी कुलदीप सिंह ने उसके बेटे को विदेश भेजने के नाम पर सात लाख रुपये की ठगी कर ली। सेक्टर-34 थाना पुलिस को दी शिकायत में हरियाणा के यमुनानगर निवासी गुरप्रीत सिंह ने बताया कि गुरिंदर सिंह गुरी, सीए गुरचरण सिंह और अजय मेहता ने उसे न्यूजीलैंड में वर्क वीजा दिलवाने के नाम पर 15 लाख रुपये ठग लिए। तीसरे मामले में पंजाब के गुरदासपुर निवासी वरिंदर पाल ने सेक्टर-34 थाना पुलिस को शिकायत दी है कि सेक्टर-34ए स्थित गुरु अबरोड कंसलटेंट के मालिक मंदीप सिंह ने उसे कनाडा की पीआर दिलाने के नाम पर चार लाख रुपये की ठगी की है। चौथे माले में सेक्टर-52डी निवासी तेहल सिंह ने आरोप लगाया कि सेक्टर-36 निवासी जसविंदर सिंह उर्फ जस्सा और उत्तराखंड के कल्याणपुर निवासी कमलजीत सिंह ने सिंगापुर का वीजा दिलाने के नाम पर उससे आठ लाख रुपये ठग लिए।