अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। पंजाब में वन स्टॉप सेंटरों के माध्यम से इस वर्ष 5121 हिंसा पीड़ित महिलाओं को मुफ्त मेडिकल और कानूनी सहायता प्रदान की गई है। सामाजिक सुरक्षा, महिला एवं बाल विकास मंत्री डॉ. बलजीत कौर ने कहा कि राज्य सरकार महिलाओं को सुरक्षित, सम्मानजनक और गरिमामय जीवन देने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
उन्होंने कहा कि हिंसा पीड़ित महिलाएं केवल आंकड़े नहीं होतीं, बल्कि उनके पीछे टूटा आत्मविश्वास, असुरक्षा से भरा मन और न्याय की गहरी उम्मीद छिपी होती है। ऐसी प्रत्येक महिला के साथ मजबूती से खड़ा होना सरकार की नैतिक और सामाजिक जिम्मेदारी है। सरकार केवल सुरक्षा ही नहीं, बल्कि भरोसा, सहारा और नए जीवन की शुरुआत का अवसर भी दे रही है। डॉ. बलजीत कौर ने कहा कि वन स्टॉप सेंटरों के जरिये यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि कोई भी महिला अपने दर्द के साथ अकेली न रहे। यहां एक ही छत के नीचे चिकित्सा, कानूनी सलाह, काउंसलिंग और अन्य जरूरी सेवाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में पंजाब सरकार महिलाओं की सुरक्षा और सशक्तिकरण को योजनाओं तक सीमित न रखकर शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता बना रही है।