पुलिस ने भेजा नोटिस, कोर्ट ने लगाया 53800 का जुर्माना
अदालत ने जिसे सजा सुनाई है उसके 269 ट्रैफिक चालान थे जिनमें से 253 तो केवल रेड लाइट जंप के ही थे। इसके अलावा 14 चालान रोड मार्किंग वॉयलेशन और दो चालान विदआउट हेलमेट के हुए थे। वह लगातार ट्रैफिक नियमों को तोड़ रहा था लेकिन चालान का भुगतान नहीं कर रहा था। ऐसे में उसे चंडीगढ़ ट्रैफिक पुलिस की ओर से नोटिस भेजे गए। अदालत ने उस पर 53800 रुपये जुर्माना भी लगाया जोकि उसने अदा कर दिया।
ड्राइविंग लाइसेंस रद्द, वाहन किया जब्त
अदालत ने दोषी व्यक्ति का ड्राइविंग लाइसेंस रद्द कर दिया है और उसका वाहन भी जब्त कर लिया गया है। उसे 15 दिनों तक यातायात विभाग में सामुदायिक सेवा करनी होगी। उल्लंघन करने वाले व्यक्ति को 19 फरवरी को सुबह 10 बजे वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (यातायात एवं सुरक्षा), चंडीगढ़ के कार्यालय में रिपोर्ट करना होगा, जहां उसे ट्रैफिक इंस्पेक्टर के साथ यातायात व्यवस्था संभालने की जिम्मेदारी दी जाएगी। यह सेवा रोजाना दो घंटे के लिए होगी और 15 दिनों तक जारी रहेगी। सजा समाप्त होने के बाद, उसकी उपस्थिति रिपोर्ट अदालत में जमा की जाएगी।
इसी महीने दूसरा ऐसा मामला
इसी महीने में सीजेएम कोर्ट का ये दूसरा ऐसा फैसला है। इसी महीने सात तारीख को भी अदालत ने एक व्यक्ति को ऐसे ही सामुदायिक सेवा करने की सजा सुनाई थी। उसके 222 ट्रैफिक चालान लंबित पड़े थे। ट्रैफिक पुलिस तो उससे चौक पर सामुदायिक सेवा भी करवा चुका है।
वर्ष 2024 में 985451 चालान
शहर में ट्रैफिक पुलिस की तरफ से साल 2024 में रिकॉर्ड वाहन चालकों के चालान काटे गए हैं। ट्रैफिक पुलिस की ओर से किए गए चालान के आंकड़ों पर गौर करें तो एक जनवरी 2024 से 31 दिसंबर तक 9.85 लाख 451 चालान किए गए हैं। इस बार चालान से होने वाली कमाई 23.03 करोड़ तक पहुंच गया। वर्ष 2023 में पुलिस ने 9 लाख 55 हजार 487 वाहन चालकों के चालान किए और चालकों से 10 करोड़ 40 लाख 14 हजार 753 रुपये का राजस्व आया। वर्ष 2021 में ट्रैफिक पुलिस ने दो लाख 32 हजार 319 चालान किए। इससे 12 करोड़ 51 लाख 78 हजार 578 रुपये का राजस्व आया। वर्ष 2022 में पुलिस ने 6.02 लाख 454 वाहन चालकों के चालान काटकर 11 करोड़ 13 लाख 7 हजार 708 रुपये का राजस्व सरकारी खाते में जमा करवाया।