मजदूर की बेटी ने पाया जिले में दूसरा स्थान
- ग्राम पंचायत की ओर से छात्राओं को किया जाएगा सम्मानित
गुरदीप सैनी
बरवाला। एक छोटे से कच्चे मकान में रहकर डॉक्टर बनने का सपना देखने वाली शिल्पा ने दसवीं कक्षा में 500 में 460 अंकों के साथ 92 प्रतिशत अंक लेकर जिला में दूसरा स्थान प्राप्त किया है। राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय बरवाला की इस छात्रा की पढ़ाई में गरीबी भी आड़े नहीं आई। परिवार की आर्थिक स्थिति बेहतर न होने के बावजूद पढ़ाई के प्रति लग्न और मेहनत के बल पर ही उसने यह उपलब्धि हासिल की है। शिल्पा के पिता रामलाल व माता गीता को आज अपनी बेटी पर नाज है। शिल्पा ने बताया कि वह पहली कक्षा से अब तक पहले या दूसरे स्थान पर रही है। शिल्पा ने बताया कि उसके पिता बहुत कम पढ़े लिखे हैं और माता अनपढ़ है। वे दिहाड़ी मजदूरी का कार्य करते हैं। उनका पूरा परिवार एक छोटे से कच्चे घर में रहता है। वहीं शिल्पा के पिता रामलाल व माता गीता ने बताया कि उनकी बेटी रात को एक बजे और सुबह 5 बजे उठकर पढ़ाई करती थी और उसने आज तक कोई ट्यूशन नहीं ली। सिर्फ अपनी टीचर की ओर से मिले टिप्स ही उसकी पढ़ाई में सहायक बने। शिल्पा ने परीक्षा परिणाम आने से पहले ही 11वीं कक्षा में मेडिकल में दाखिला लिया हुआ है। शिल्पा की एक छोटी बहन रजनी है जो कि राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय बरवाला में आठवीं कक्षा में पढ़ती है वह भी कक्षा में पहले स्थान पर ही रहती है और उसका एक भाई मानव है, जो कि न्यू स्टैंडर्ड हाई स्कूल में तीसरी कक्षा में पढ़ रहा है। स्कूल प्रिंसिपल अर्चना बेदी ने बताया कि दसवीं कक्षा की छात्रा शिल्पा के अलावा दामिनी ने ब्लॉक व स्कूल में 89 प्रतिशत अंक लेकर दूसरा स्थान व मीनाक्षी ने 82 प्रतिशत अंक लेकर तीसरा स्थान प्राप्त किया है। वहीं छात्रा शिल्पा द्वारा जिले में द्वितीय स्थान प्राप्त करने पर कस्बे के सरपंच बलजिन्द्र गोयल ने उन्हें बधाई दी। सरपंच ने कहा कि ग्राम पंचायत की ओर से परीक्षा परिणामों में प्रथम, द्वितीय व तृतीय तथा अच्छे अंक प्राप्त करने वाली सभी छात्राओं को सम्मानित किया जाएगा।