रुपया में लगातार तेजी का रुख बना हुआ है और शुरुआती कारोबार में बुधवार को डॉलर के मुकाबले यह 50 पैसे की मजबूती के साथ 69.94 पर चल रहा है।
मुद्राकारोबारियों के अनुसार इसकी अहम वजह कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट, विदेशी पूंजी का निवेश और निर्यातकों एवं बैंकों की ओर से डॉलर की बिकवाली होना है।
इसके अलावा अन्य विदेशी मुद्राओं के मुकाबले डॉलर के कमजोर पड़ने का लाभ रुपये को मिला है।
मंगलवार को डॉलर के मुकाबले रुपया 112 पैसे की मजबूती के साथ 70.44 पर बंद हुआ। यह किसी एक दिन में पिछले पांच साल में रुपये में सबसे अच्छी बढ़त रही।
ब्रेंट कच्चा तेल 4.2 प्रतिशत गिरकर 57.07 डॉलर प्रति बैरल चल रहा है।