जनवरी-मार्च तिमाही के दौरान देश के सात बड़े शहरों में घरों की बिक्री 29 फीसदी घटकर 27,451 इकाई रह गई है, जिससे इन्वेंट्री (अनसोल्ड) का मूल्य बढ़कर 3.65 लाख करोड़ रुपये हो गई। जेएलएल के मुताबिक, कोविड-19 महामारी के बीच ग्राहकों द्वारा घर खरीदने के फैसले टाले जाने से रियल एस्टेट बाजार में सुस्ती दर्ज की गई है।
कैलेंडर वर्ष 2020 की पहली तिमाही में आवासीय इकाइयों की बिक्री घटकर 27,451 इकाई रह गई, जबकि एक साल पहले समान तिमाही में यह आंकड़ा 38,628 इकाई रहा था।
जेएलएल ने अपनी तिमाही रिपोर्ट में कहा, ‘देश में जारी आर्थिक संकट के चलते आर्थिक सुस्ती के साथ ही घरों की बिक्री पर भी मार पड़ी है। खरीदार अपने खरीद से संबंधित फैसलों को टाल रहे हैं।’ इसमें कहा गया कि पिछले पांच साल में आवासीय इकाइयों की बिक्री में यह दूसरी बड़ी गिरावट है। इससे पहले 2017 की पहली तिमाही में नोटबंदी के कारण घरों की बिक्री में 37 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई थी। सभी सात बड़े शहरों में बिक्री में गिरावट रही है। मुंबई में बिक्री में 19 फीसदी, चेन्नई में आठ फीसदी, दिल्ली-एनसीआर और पुणे में 18 फीसदी, कोलकाता में 35 फीसदी, हैदराबाद में 41% की गिरावट दर्ज की गई।