लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने सोमवार को रियल एस्टेट कंपनियों से गुणवत्ता से किसी प्रकार का समझौता किये बिना मकान खरीदारों को समय पर फ्लैट की आपूर्ति करने को कहा है। साथ ही उन्होंने तीव्र आर्थिक वृद्धि और रोजगार सृजन के लिये रियल एस्टेट क्षेत्र को मजबूत बनाने पर जोर दिया है।
रियल्टी कंपनियों के संगठन नारेडको (नेशनल रियल एस्टेट डेवलपमेंट काउंसिल) द्वारा आयोजित सम्मेलन को संबोधित करते हुए उन्होंने यह भी कहा कि जमीन-जायदाद कारोबार से जुड़े उद्योग को अपनी छवि सुधारने की जरूरत है।बिरला ने कहा कि सरकार का 2022 तक सभी को मकान उपलब्ध कराने का लक्ष्य है और निजी कंपनियों की सक्रिय भागीदारी के बिना इसे हासिल नहीं किया जा सकता।
उन्होंने कहा, ‘‘अगर देश तीव्र आर्थिक वृद्धि चाहता है, तो हमें रियल एस्टेट क्षेत्र को मजबूत करने की जरूरत है। अगर हम देश में रोजगार की समस्या से निपटना चाहते हैं तब रियल एस्टेट सेक्टर इसमें बड़ी भूमिका निभा सकता है।’’ लोकसभा अध्यक्ष ने कहा कि रियल एस्टेट और निर्माण क्षेत्र ऐसा क्षेत्र हैं जो आजीविका के लिये शहरी क्षेत्रों में आने वाले कुशल और अकुशल दोनों तरह के कामगारों को रोजगार उपलब्ध करा सकते हैं।
उन्होंने कहा, ‘‘रियल एस्टेट क्षेत्र, ऐसा क्षेत्र है जहां अधिकतम रोजगार सृजित किये जा सकते हैं क्योंकि सीमेंट, इस्पात, बिजली आदि जैसे 200 अन्य उद्योग इससे जुड़े हैं।’’ बिरला ने जोर देकर कहा कि इस क्षेत्र को मजबूत बनाने के उपायों पर संसद में चर्चा होनी चाहिए।
हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि कुछ गलत काम करने वालों के कारण क्षेत्र को लेकर धारणा खराब भी है। उद्योग को अपनी छवि में सुधार लाने को लेकर काम करना चाहिए।
बिरला ने कहा, ‘‘आपको गुणवत्ता से समझौता नहीं करना चाहिए। फ्लैट की आपूर्ति तय समय और कीमत पर होनी चाहिए।’’ उन्होंने कहा कि संगठन को खरीदारों की तरफ से सदस्य कंपनियों के खिलाफ की गई शिकायतों के समाधान के लिये खड़ा होना चाहिए।