अगले महीने से फेस्टिव सीजन की शुरुआत हो जाएगी। नवरात्र से पूरे देश खासतौर पर उत्तर, मध्य व पश्चिमोत्तर भारत में हर साल यह सीजन शुरू हो जाता है, जो दिसंबर तक चलता है। इस सीजन को भारत में इसलिए महत्वपूर्ण माना जाता है, क्योंकि आम लोग अपने जीवन में कई नई वस्तुओं को खरीदते हैं।
पूरे देश में मंदी की मार से जूझ रहा रियल इस्टेट सेक्टर भी इस दौरान अपनी सेल्स को बढ़ाने के लिए काफी नए ऑफर लेकर आ रहा है। देश भर में कई प्रमुख कंपनियों ने सीजन को भुनाने के लिए नए ऑफर निकाले हैं।
डिस्काउंट के अलावा है बहुत कुछ
रियल इस्टेट कंपनियां फेस्टिव सीजन में घर, फ्लैट की बुकिंग करने वाले ग्राहकों को कई ऑफर देने जा रही है। इस ऑफर के तहत ग्राहकों को नो जीएसटी, फ्री कार पार्किंग, मॉड्यूलर किचन और फ्री एसी, एलईडी शामिल है। इसके अलावा पजेशन से पहले गाड़ी और रेंट फ्री ईएमआई का विकल्प भी शामिल किया है।
एनसीआर में इन कंपनियों ने निकाला ऑफर
एनसीआर के गौर अतुल्यम प्रोजेक्ट और गौर यमुना सिटी के ग्राहकों को यह ऑफर दिया जा रहा है। काबरा ग्रुप बिल्डर आसान किश्तों में पेमेंट करने की सुविधा दे रहा है। इस दिवाली सुपरटेक दिल्ली-एनसीआर के घर खरीदारों को 3200 यूनिट्स का पजेशन देने की तैयारी कर रही है। वहीं होमक्राफ्ट एटीएस भी बुकिंग पर अपने ग्राहकों को तनिष्क, अरबन लैडर जैसी कंपनियों के कूपन गिफ्ट कर रहा है।
मुंबई की रूपारेल रियल्टी, रेडियस डेवलपर्स, अजमेरा ग्रुप ग्राहकों को लुभाने के लिए आसान पेमेंट ऑप्शन, घर के साथ फर्नीचर और अप्लायंस और पजेशन से पहले जीरो फीसदी ईएमआई जैसी स्कीमें दे रहे हैं।
घरों की डिलीवरी में आया उछाल
2017 में जनवरी से जून के बीच बिल्डरों ने 1,44,654 खरीदारों को घर बनाकर सौंपे थे, जबकि इस साल यह संख्या बढ़कर 1,93,061 हो गई है। घरों की डिलीवरी में सबसे ज्यादा वृद्धि नोएडा में हुई है। यहां 171 फीसदी घरों की डिलीवरी में वृद्धि हुई है, जबकि मुंबई में 85 फीसदी डिलीवरी बढ़ी है। हालांकि चेन्नई और पुणे में क्रमश: 28 फीसदी और 8 फीसदी घरों की डिलीवरी घटी है।
प्रॉपटाइगर ने अपनी रिपोर्ट में ये भी दावा किया है कि 2019 के अंत तक बिल्डर 8.6 लाख घरों की डिलीवरी करेंगे। कंपनी के मुख्य निवेश अधिकारी ने बताया कि रेरा कानून लागू होने के बाद बिल्डर नये हाउसिंग प्रोजेक्ट लाने के बजाय पुराने बचे हुए प्रोजेक्ट को पूरा करने में लगे हुए हैं। दरअसल, ऐसा वो इसलिए कर रहे हैं कि क्योंकि रेरा कानून के मुताबिक प्रोजेक्ट में देरी करने पर उनके ऊपर भारी जुर्माना लगाया जा सकता है।
उन्होंने कहा कि रेरा कानून के आ जाने से लोगों को घरों की खरीदारी पर भी विश्वास बढ़ा है और इसीलिए घरों की बिक्री में भी तेजी आई है। उन्होंने कहा कि आने वाले त्योहारी सीजन में घरों की बिक्री बढ़ सकती है। कंपनी के सर्वे के मुताबिक ग्रेटर नोएडा, यमुना एक्सप्रेस-वे, नवी मुंबई, ठाणे, गुरुग्राम, भिवाड़ी, धारूहेड़ा और सोहना में घरों की बिक्री में तेजी आ सकती है।