पढ़ाई के लिए
आप 'एजुकेशन लोन' लेकर अपनी पढ़ाई पूरी कर सकते हैं। छात्र या उनके माता-पिता बच्चों के स्नातक, परास्नातक या फिर प्रोफेशनल कोर्स के लिए बैंकों से एजुकेशन लोन ले सकते हैं। इसमें विदेश में पढ़ाई के लिए भी लोन मिलता है। जिस बैंक में आपका पहले से खाता है, वहां से एजुकेशन लोन लेना आसान होता है। इसके अंतर्गत कॉलेज, हॉस्टल, लाइब्रेरी, पढ़ाई के लिए कंप्यूटर की खरीदारी के साथ विदेश में पढ़ाई के मामले में होने वाले खर्च को भी शामिल किया जाता है।
घर खरीदने के लिए
अगर आप अपना घर खरीदने की योजना बना रहे हैं और इसके लिए लोन लेने का विचार कर रहे हैं, तो आपको यह योजना बनानी होगी कि आपको कितना लोन लेना है, ईएमआई की राशि कितनी होगी, आदि। ग्राहक घर व फ्लैट खरीदने के लिए, प्लॉट के कंस्ट्रक्शन के लिए या रेनोवेशन यानी रिपेयर के लिए भी लोन लेते हैं। अगर आप भी होम लोन लेना चाहते हैं, तो बता दें कि बाजार में लोन के कई विकल्प मौजूद हैं। उन सभी विकल्पों पर एक बार विचार जरूर करें। लोन देने वाली संस्थान सरकारी है या निजी, इस बात पर भी आपको ध्यान देना चाहिए। इसके साथ ही, कौन सी संस्थान आपको कितने ब्याज पर लोन दे रही है और किन शर्तों पर दे रही है, इस बात का ध्यान रखना भी आवश्यक है।
कारोबार के लिए
कई लोग अपना खुद का कारोबार स्थापित करना चाहते हैं। इसके लिए उनके पास अच्छा प्लान भी होता है, लेकिन पसों की कमी के कारण वे असफल हो जाते हैं। ऐसी जरूरतों को पूरा करने के लिए आपको लोन लेने से हिचकिचाना नहीं चाहिए। सरकार भी व्यापारियों को वित्तीय मदद मुहैया कराने के लिए कई सरकारी योजनाएं चल रही हैं। इनमें मुद्रा योजना बेहद अहम है। मुद्रा योजना छोटे उद्यमियों को आसानी से कर्ज उपलब्ध कराने वाली योजना है। इसका पूरा नाम माइक्रो यूनिट्स डेवलपमेंट एंड रीफाइनेंसिंग एजेंसी है।