चीनी वीडियो ऐप टिकटॉक के भारत में मद्रास हाईकोर्ट द्वारा प्रतिबंध लगने से कंपनी को रोजाना पांच लाख डॉलर का नुकसान हो रहा है। वहीं कंपनी में कार्यरत 250 लोगों की नौकरी भी खतरे में पड़ गई है। इस ऐप को बाइटडांस टेक्नोलॉजी ने बनाया था, जिसका मुख्यालय बीजिंग में है।
कोर्ट में दाखिल किया जवाब
कंपनी ने कोर्ट में अपना जवाब दाखिल करते हुए प्रतिबंध को हटाने की अपील की है। टिकटॉक ऐप यूजर्स को स्पेशल इफेक्ट के साथ छोटे वीडियो बनाने और शेयर करने की सुविधा देता है। यह विश्व में बहुत ज्यादा प्रयोग किया जाने वाला ऐप है। हालांकि भारत में कोर्ट के आदेश के बाद गूगल और एप्पल ने इसे अपने स्टोर से हटा दिया है।
30 करोड़ से ज्यादा डाउनलोड
भारत में टिकटॉक के करीब तीस करोड़ से ज्यादा यूजर्स हैं। वहीं पूरी दुनिया में यह डाउनलोड होने में सौ करोड़ का आंकड़ा पार कर चुका है। कोर्ट ने माना था कि इस ऐप से पोर्नोग्राफी को काफी बढ़ावा मिल रहा है।
विश्व का सबसे कीमती स्टार्टअप है बाइटडांस
बाइटडांस को विश्व के सबसे कीमती और बड़े स्टार्टअप्स में की जाती है। बाइटडांस देश में अगले तीन सालों में एक अरब डॉलर (7000 करोड़ रुपये) का निवेश करने की योजना बना रही है। हालांकि कंपनी के देश में दो ऐप्स फिलहाल चल रहे हैं, जिनको यूजर्स द्वारा काफी पसंद किया जा रहा है। सॉफ्ट बैंक, जनरल एटलांटिक, केकेआर जैसे निवेशकों ने निवेश किया है।
याद रहे जिन लोगों के फोन में पहले से ही टिकटॉक ऐप डाउनलोड है, केवल वही इसका इस्तेमाल कर सकेंगे। नए यूजर्स इसे डाउनलोड नहीं कर सकेंगे। पहले इसका नाम म्यूजिकली रखा गया था लेकिन बाद इस नाम को बदलकर टिकटॉक कर दिया गया।