एयर इंडिया पर तीन तेल कंपनियों का 4500 करोड़ रुपये से अधिक का बकाया है, जिसे हवाई कंपनी ने पिछले सात महीने से नहीं चुकाया है। तीनों तेल कंपनियों ने देश के छह हवाई अड्डों पर ईंधन की सप्लाई रोक दी थी। इस संदर्भ में एयर इंडिया के चेयरमैन ने कहा है कि फंड्स में कमी की वजह से कंपनी को तेल की सप्लाई रोकी गई है। लेकिन इससे कंपनी की सेवाएं प्रभावित नहीं हुई हैं।
एयर इंडिया ने 60 करोड़ रुपये देने की पेशकश की थी, जो कि समुद्र में बूंद के समान है। ईंधन की सप्लाई रोकने से पहले तीनों तेल कंपनियों ने एयर इंडिया को एक हफ्ते पहले पत्र लिखा था, लेकिन इस पत्र का कोई जवाब नहीं मिला। तेल कंपनियों का तर्क है कि उनको सरकार से किसी भी तरह की वित्तीय मदद नहीं मिलती है, जबकि एयर इंडिया को सरकार से पूरी मदद मिलती है।
तेल कंपनियों ने जिन हवाई अड्डों पर सप्लाई को रोक दिया है, उनमें रांची, मोहाली, पटना, विशाखापट्टनम, पुणे और कोच्चि शामिल हैं। इंडियन ऑयल के प्रवक्ता ने कहा कि गुरुवार शाम से ईंधन आपूर्ति को रोक दिया गया है। हम हवाई कंपनी के संपर्क में हैं, जल्द ही इसका समाधान निकाल लिया जाएगा।
इससे पहले भी दो बार तेल कंपनियां एयर इंडिया को ईंधन की आपूर्ति रोक चुकी हैं। 16 जुलाई को इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन ने बकाए का भुगतान नहीं होने पर पटना, पुणे, चंडीगढ़, कोचीन, विशाखापट्टनम और रांची जैसे कुछ हवाई अड्डों पर ईंधन की आपूर्ति बंद कर दी थी।