आयात शुल्क में कटौती और शादी-विवाह व त्योहारों से जुड़ी खरीदारी के कारण देश में सोने की मांग 2024 में सालाना आधार पर पांच फीसदी बढ़कर 802.8 टन पहुंच गई। 2023 में यह 761 टन थी। मूल्य के लिहाज से भारतीयों ने बीते साल 5,15,390 करोड़ रुपये का सोना खरीदा, जो 2023 के 3,92,000 करोड़ की तुलना में 31 फीसदी अधिक है। हालांकि, 2025 में सोने की मांग कम होकर 700-800 टन रह सकती है।
इस साल 6,410 रुपये बढ़े दाम
सोने की कीमत इस साल 6,410 रुपये बढ़ी है। एक जनवरी को कीमत 79,390 रुपये प्रति 10 ग्राम थी, जो बढ़कर 85,800 रुपये पहुंच गई है।
खरीदी करने में तीसरे स्थान पर आरबीआई
रिपोर्ट के मुताबिक, वैश्विक आर्थिक अनिश्चितताओं और कई देशों में तनाव से जोखिम बढ़ने के कारण दुनियाभर के केंद्रीय बैंकों ने लगातार तीसरे साल 1,000 टन से अधिक सोना खरीदा। इन बैंकों ने 2024 में 1,044.6 टन और 2023 में 1,050.8 टन सोना खरीदा था। 2022 में भी खरीदारी 1,000 टन से अधिक रही थी। बीते साल सोना खरीद के मामले में नेशनल बैंक ऑफ पोलैंड और सेंट्रल बैंक ऑफ तुर्किये के बाद आरबीआई तीसरे स्थान पर रहा। खास बात है कि दुनियाभर के केंद्रीय बैंक लगातार 15 साल से सोने की शुद्ध खरीदार बने हुए हैं।