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वोडा-Idea को झटका, आयकर विभाग ने 7000 करोड़ का रिफंड देने से किया इंकार

Tue, 19 Nov 2019 08:43 PM IST
paliwal पालीवाल बिजनेस डेस्क, अमर उजाला
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देश की सबसे बड़ी दूरसंचार कंपनी वोडाफोन-आइडिया की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। 50 हजार करोड़ से अधिक का घाटा दर्ज करने के बाद अब आयकर विभाग का भी कंपनी पर 7000 करोड़ रुपये का बकाया है, जो उसने रिफंड के नाम पर पिछले कई सालों में वसूला था। विभाग ने कंपनी से कहा है कि इसे सरकारी देनदारियों की भरपाई करने के लिए प्रयोग में लाया जाएगा। 

नहीं देगी रिफंड

आयकर विभाग ने साफ कह दिया है कि कंपनी को करीब 44150 करोड़ रुपये सरकार को देना है। सात हजार करोड़ जो विभाग को रिफंड के नाम पर कंपनी को देने हैं, उनका इस्तेमाल इस बकाए को जमा करने के लिए किया जा सकता है। वोडाफोन-आइडिया को आयकर विभाग के मुंबई कार्यालय से एक हजार करोड़ रुपये और दिल्ली कार्यालय से करीब छह हजार करोड़ रुपये मिलने हैं। हालांकि कंपनी ने विभाग से गुजारिश की है कि वो इस रिफंड को दें दे, क्योंकि इसके लिए कई हाईकोर्ट और अपीलीय प्राधिकरण भी उनके पक्ष में फैसला दे चुके हैं। 

वित्त, दूरसंचार मंत्रालय लेंगे फैसला

कंपनी को 7000 करोड़ रुपये देने हैं या नहीं, इसके लिए आयकर विभाग ने वित्त और दूरसंचार मंत्रालय से कहा है कि इस मसले पर सलाह करके जल्द फैसला लें।  

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हाल ही में सुप्रीम कोर्ट ने वोडाफोन आइडिया व एयरटेल को झटका दिया था। कोर्ट ने कहा था कि इन कंपनियों को समायोजित सकल राजस्व (एजीआर) का भुगतान करना होगा, जिसके बाद टेलीकॉम कंपनियों को बड़ा झटका लगा है। लेकिन अब वोडाफोन आइडिया की एजीआर संबंधी 44,200 करोड़ रुपये की देनदारी में और बढ़ोतरी हो सकती है, जिससे कंपनी को अतिरिक्त प्रोविजनिंग करनी पड़ेगी। साथ ही वोडाफोन आइडिया की बैलेंस शीट पर भी दबाव बढ़ेगा।

देनदारी में हो सकती है बढ़ोतरी

इस एजीआर संबंधित देनदारी में बढ़ोतरी हो सकती है। ब्रोकरेज फर्म ने कहा है कि कंपनी ने टेलीकॉम डिपार्टमेंट से मिले नोटिस के आधार पर एजीआर की मूल रकम के 11,100 करोड़ रुपये होने का अनुमान लगाया है। वहीं, पिछले 2-3 साल का अनुमान कंपनी ने खुद लगाया है। ब्रोकरेज फर्म क्रेडिट सुइस के अनुसार, वोडाफोन आइडिया की एजीआर संबंधित देनदारी 54,200 करोड़ रुपये रह सकती है। ऐसे में टेलीकॉम कंपनी को 10,100 करोड़ रुपये की अतिरिक्त प्रोविजनिंग एजीआर के लिए करनी पड़ेगी। सुप्रीम कोर्ट ने कंपनी को तीन महीने के अंदर इस रकम का भुगतान करने का आदेश दिया है।

कंपनी को हुआ 50,921 करोड़ का घाटा

वोडाफोन आइडिया को दूसरी तिमाही में 50, 921 करोड़ रुपये का घाटा हुआ है। इससे पहले पिछले साल की दूसरी तिमाही में कंपनी को 4,947 करोड़ रुपये का घाटा हुआ था। यह भारत के कॉर्पोरेट इतिहास में अभी तक का सबसे बड़ा तिमाही घाटा है।

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