फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

टीसीएस के अध्ययन में दावा: भारत समेत दुनिया के 64 फीसदी ग्राहक ईवी खरीदने को तैयार, चार्जिंग ढांचा बड़ी चुनौती

Wed, 15 Jan 2025 06:20 AM IST
दीपक कुमार शर्मा एजेंसी, नई दिल्ली

सार

यह अध्ययन अमेरिका, कनाडा, यूके, डेनमार्क, फिनलैंड, फ्रांस, जर्मनी, नीदरलैंड, चीन और भारत समेत अन्य देशों के 1,300 से ज्यादा लोगों से बातचीत पर आधारित है। इनमें वाहन विनिर्माता और चार्जिंग ढांचा लगाने वाली कंपनियां भी शामिल हैं। 
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला/एजेंसी
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

भारत सहित दुनियाभर के 64 फीसदी उपभोक्ता अगली गाड़ी के रूप में इलेक्ट्रिक वाहन (ईवी) खरीदने के लिए तैयार हैं। हालांकि, 60 फीसदी लोग चार्जिंग ढांचे को एक बड़ी चुनौती मानते हैं। टाटा कंसल्टेंसी सर्सिवेज (टीसीएस) के अध्ययन के मुताबिक, 56 फीसदी लोग एक ईवी खरीदने के लिए 40,000 डॉलर (35 लाख रुपये) तक चुकाने को तैयार हैं। अमेरिका में 72 फीसदी लोगों ने अगले वाहन के रूप में ईवी खरीदने की इच्छा जताई है।

विज्ञापन


यह अध्ययन अमेरिका, कनाडा, यूके, डेनमार्क, फिनलैंड, फ्रांस, जर्मनी, नीदरलैंड, चीन और भारत समेत अन्य देशों के 1,300 से ज्यादा लोगों से बातचीत पर आधारित है। इनमें वाहन विनिर्माता और चार्जिंग ढांचा लगाने वाली कंपनियां भी शामिल हैं। 

बैटरी डिजाइन में सुधार से बढ़ेगी ई-वाहनों की रेंज
90 फीसदी विनिर्माताओं का मानना है कि बैटरी प्रौद्योगिकी में सुधार से ई-वाहनों की रेंज और चार्जिंग गति बढ़ेगी। निकट भविष्य में ईवी के डिजाइन और प्रदर्शन पर भी इसका प्रभाव पड़ेगा। 74 फीसदी विनिर्माताओं ने कहा, चार्जिंग ढांचे की कम उपलब्धता ईवी बाजार की वृद्धि को सीमित करने वाली सबसे बड़ी अड़चन बनी हुई है।

  • टीसीएस के अध्यक्ष (विनिर्माण) अनुपम सिंघल ने कहा, ईवी उद्योग निर्णायक चौराहे पर है, जो परिवर्तन की जटिलताओं को बता रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें