फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सब्सिडी वाला आवासीय कर्ज: 60 हजार करोड़ खर्च करेगा केंद्र, अगले कुछ महीनों में लागू हो सकती है योजना

Tue, 26 Sep 2023 05:11 AM IST
निर्मल कांत एजेंसी, नई दिल्ली।

सार

सरकार अगले पांच वर्षों में छोटे शहरी आवास के लिए सब्सिडी वाला कर्ज देने पर 60,000 करोड़ रुपये खर्च कर सकती है। इस साल के अंत में कई राज्यों और 2024 के मध्य में होने वाले आम चुनावों से पहले यह वर्तमान सरकार की एक बड़ी चुनावी योजना मानी जा रही है।
विज्ञापन
प्रॉपर्टी, फ्लैट, हाउस - फोटो : डेमो फोटो
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

सरकार अगले पांच वर्षों में छोटे शहरी आवास के लिए सब्सिडी वाला कर्ज देने पर 60,000 करोड़ रुपये खर्च कर सकती है। इस साल के अंत में कई राज्यों और 2024 के मध्य में होने वाले आम चुनावों से पहले यह वर्तमान सरकार की एक बड़ी चुनावी योजना मानी जा रही है।

विज्ञापन

माना जा रहा है कि अगले कुछ महीने में बैंक इस योजना को लागू कर सकते हैं। पिछले महीने सरकार ने चुनाव से पहले महंगाई पर लगाम लगाने के लिए घरेलू रसोई गैस की कीमतों में लगभग 18 फीसदी की भारी भरकम कटौती की थी।

इस योजना के तहत अगर आप 20 साल के लिए 50 लाख रुपये से कम कर्ज लेते हैं तो सालाना 3-6.5 फीसदी के हिसाब से अधिकतम 9 लाख रुपये तक की होम लोन राशि पर ब्याज सब्सिडी मिलेगी। पीएम नरेंद्र मोदी ने स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर इस योजना की घोषणा की थी। हालांकि, तब इसका विवरण नहीं बताया गया था। उन्होंने कहा था, हम आने वाले वर्षों में एक नई योजना लेकर आ रहे हैं। इससे उन परिवारों को फायदा होगा, जो शहरों में किराये के घरों, झुग्गी-झोपड़ियों, चॉल और अनधिकृत कॉलोनियों में रह रहे हैं।  

लाभार्थियों के कर्ज खाते में अग्रिम जमा की जाएगी ब्याज छूट की राशि
एक अधिकारी ने कहा, ब्याज छूट की रकम लाभार्थियों के आवासीय कर्ज खाते में अग्रिम जमा की जाएगी। 2028 तक प्रस्तावित योजना को जल्द अंतिम रूप दिया जाएगा। इसके लिए केंद्रीय मंत्रिमंडल की मंजूरी की जरूरत होगी। उन्होंने बताया, इस योजना से शहरी क्षेत्रों में कम आय वाले समूहों में 25 लाख लोन आवेदकों को लाभ मिल सकता है।
 
विज्ञापन

बैंकों ने शुरू की पहचान
दो बैंकों के अधिकारियों ने कहा, बैंकों को विशेष कर्ज का लक्ष्य नहीं दिया गया है, लेकिन जल्द ही सरकारी अधिकारियों के साथ बैठक की संभावना है। बैंकों ने लाभार्थियों की पहचान करनी शुरू कर दी है। उन्होंने कहा, इस कदम से होम लोन पोर्टफोलियो के भीतर किफायती हाउसिंग सेगमेंट में लोन बढ़ाने में मदद मिल सकती है। इससे पहले सरकार 2017-2022 के बीच एक योजना लेकर आई थी। इसके तहत 122.7 करोड़ घरों को मंजूरी दी गई थी।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें