दुनिया की दिग्गज मल्टीनेशनल फर्म मॉर्गन स्टेनली ने इस बात की आशंका जताई है कि चीन के बाजारों के खुलने के बाद एशिया में महंगाई बढ़ सकती है। फर्म ने कहा है कि तीन साल बाद चीन के बाद चीन के बाजार खुलने से मांग में बढ़ेगी इससे कीमतों में इजाफा दिख सकता है। बता दें कि पिछले तीन वर्षों के दौरान जीरो कोविड पॉलिसी की रणनीति अपना रहा था। अब चीन ने अपनी अर्थव्यवस्था को खोल दिया है, ऐसे में एशिया में महंगाई बढ़ सकती है।
मॉर्गन स्टेनली ने महंगाई में वृद्धि की आशंका जाहिर करने के बावजूद एशियाई बाजारों के लिए सकारात्मक संकेत दिए हैं। फर्म के अनुसार महंगाई से जूझ रहे 90 प्रतिशत एशियाई देशों के केन्द्रीय बैंकों के लिए इस साल जून तक इस महंगाई को अपने नियंत्रण में करना आसान हो जाएगा। मॉर्गन स्टेनली ने कई कारकों का हवाला देते हुए कहा है कि जून महीने तक महंगाई में कमी आने की संभावना बनने लगेगी।
बता दें कि बीते कुछ महीनों में वैश्विक स्तर पर विभिन्न केंद्रीय बैंकों ने महंगाई पर काबू पाने के लिए ब्याज दरों में वृद्धि की है। मॉर्गन स्टेनली ने कहा, "2023 वो साल होगा, जब पूरी दुनिया में महंगाई का ग्राफ तेजी से कम होगा और 2023 के मध्य तक 90 प्रतिशत क्षेत्र के लिए मुद्रास्फीति नियंत्रण में आ जाएगी। मुद्रास्फीति की लड़ाई जीतने का साफ मतलब होगा कि एशिया के कई देश विकास के रास्ते पर दोबारा लौटने में सक्षम होंगे।