भारत के दिग्गज कारोबारी गौतम अदाणी के लिए एक बड़ी राहत की खबर सामने आ रही है, जो एशिया के सबसे अमीर व्यक्ति पर एक साल से अधिक समय से लटकी कानूनी तलवार को हटा सकती है। ब्लूमबर्ग की एक रिपोर्ट के अनुसार अमेरिकी अधिकारी गौतम अदाणी के खिलाफ धोखाधड़ी के आरोपों को सुलझाने की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं और आपराधिक मामले को खत्म करने की तैयारी में हैं। इस कदम से अदाणी ग्रुप के लिए अंतरराष्ट्रीय पूंजी बाजार में वापसी करने और अपनी आक्रामक विस्तार रणनीति को फिर से शुरू करने का रास्ता साफ हो जाएगा।
सूत्रों के अनुसार, अमेरिकी न्याय विभाग इसी सप्ताह आरोपों को वापस लेने की घोषणा कर सकता है। इस पूरे घटनाक्रम से जुड़ी प्रमुख बातें इस प्रकार हैं:
नवंबर 2024 में, ब्रुकलिन में अमेरिकी अटॉर्नी कार्यालय ने पांच-सूत्रीय आरोप पत्र में दावा किया था कि अदाणी और अन्य प्रतिवादियों ने भारत में सौर-ऊर्जा अनुबंध हासिल करने के लिए 250 मिलियन डॉलर की रिश्वत योजना चलाई। न्याय विभाग का आरोप था कि उन्होंने भारतीय अधिकारियों को रिश्वत देने का वादा किया और अमेरिकी निवेशकों से धन जुटाते समय इस योजना को छिपाया।
इस साल की शुरुआत में, अदाणी के वकीलों ने एसईसी के धोखाधड़ी के मामले को खारिज करने की अपील करते हुए दस्तावेज दाखिल किए थे। उनका तर्क था कि नियामकों के पास इन दोनों व्यक्तियों पर आवश्यक अधिकार क्षेत्र नहीं है और मामले को आधार देने वाले कथित गलत बयान कार्रवाई योग्य नहीं थे।
अगर इन मामलों का अंत होता है, तो यह कोयला खनन से लेकर नवीकरणीय ऊर्जा और हवाई अड्डों तक का कारोबार करने वाली भारत की सबसे ताकतवर कंपनियों में से एक, अदाणी ग्रुप के लिए एक महत्वपूर्ण वरदान साबित होगा। फिलहाल, ब्रुकलिन में अमेरिकी अटॉर्नी कार्यालय के प्रवक्ता ने इस मुद्दे पर टिप्पणी करने से इनकार कर दिया है और एसईसी या अदाणी ग्रुप के प्रतिनिधियों ने भी तुरंत कोई जवाब नहीं दिया है।
अरबपति कारोबारी गौतम अदाणी को अमेरिकी न्याय विभाग से राहत मिलने की खबरों के बीच कांग्रेस ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर हमला बोला। कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने कहा, अब साफ हो चुका है कि पीएम मोदी एकतरफा अमेरिकी व्यापार समझौते पर क्यों सहमत हुए। उन्होंने कहा कि ये भी स्पष्ट हो चुका है कि पहलगाम आतंकी हमले के बाद पाकिस्तानी दहशतगर्दों के खिलाफ शुरू की गई भारतीय सेना की कार्रवाई- ऑपरेशन सिंदूर अचानक क्यों रोक दिया गया।