फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

RBI MPC: पांच साल बाद घटी रेपो रेट; नए गवर्नर संजय मल्होत्रा ने 0.25% की कटौती का किया एलान, जानें EMI पर असर

Fri, 07 Feb 2025 09:57 AM IST
कुमार विवेक बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

RBI Monetary Policy Meeting: भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) 7 फरवरी 2025 की मौद्रिक नीति समिति (एमपीसी) की बैठक के बाद रिजर्व बैंक के नए गवर्नर संजय मल्होत्रा मॉनेटरी पॉलिसी की घोषणा की। बाजार के विशेषज्ञों के अनुमान के अनुरुप इस बार रेपो रेट में  25 आधार अंकों कटौती कर  6.25 प्रतिशत कर दिया गया है। एमपीसी के सभी सदस्य रेपो रेट में कटौती के पक्ष में रहे। आइए जानते हैं, रेपो रेट पर आरबीआई के फैसले के बारे में और विस्तार से।
विज्ञापन
आरबीआई गवर्नर - फोटो : amarujala.com
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

आरबीआई गवर्नर ने एमपीसी की बैठक के बाद एलान किया कि रेपो में 25 बेसिस प्वाइंट की कटौती की गई है। इसे 6.5% से घटाकर 6.25% कर दिया गया है। आरबीआई गवर्नर ने बताया कि एमपीसी के सभी सदस्यों ने दर कटौती के पक्ष में अपना मत दिया है।

एमपीसी के फैसलों पर और क्या बोले संजय मल्होत्रा?

गवर्नर के तौर पर संजय मल्होत्रा ने पहली बार मौद्रिक नीति समिति के फैसले का एलान किया। अपनी स्पीच के दौरान उन्होंने कहा कि महंगाई दर लक्ष्य के करीब है। फ्लेक्सिबिल महंगाई लक्ष्य से इकोनॉमी पर बेहतर असर पड़ा है। आरबीआई गवर्नर संजय मल्होत्रा के अनुसार महंगाई दर लक्ष्य के करीब है। इसका इकोनॉमी पर बेहतर असर पड़ा है। उन्होंने कहा कि मौद्रिक नीति को अब भी तटस्थ रखा गया है। आरबीआई गवर्नर तीन दिवसीय बैठक के बाद ब्याज दरों पर फैसले का एलान किया।

महंगाई के लक्ष्य से जुड़े फ्रेमवर्क में होगा बदलाव

आरबीआई गवर्नर ने कहा है कि हम रेगुलेशन को संतुलित बनाए रखने की कोशिश कर रहे हैं। महंगाई लक्ष्य से जुड़े फ्रेमवर्क में भी बदलाव होगा। नए नियमों को चरणबद्ध तरीके से लागू किया जाएगा। संबंधित पक्षों पर रेगुलेशन पर बातचीत जारी रहेगी।

तीन दिन की एमपीसी बैठक के बाद फैसले का एलान

भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) 7 फरवरी 2025 की मौद्रिक नीति समिति (एमपीसी) की बैठक के बाद रिजर्व बैंक के नए गवर्नर संजय मल्होत्रा मॉनेटरी पॉलिसी की घोषणा की। बाजार के विशेषज्ञों को उम्मीद थी कि इस बार रेपो रेट में 25 आधार अंकों कटौती कर 6.25 प्रतिशत किया जा सकता है।

फरवरी 2023 के बाद से रेपो रेट में पहली बार बदलाव

फरवरी 2023 से रेपो रेट को 6.5 प्रतिशत पर स्थिर रखा गया। इससे पहले 2020 में कोविड महामारी के दौरान ब्याज दरों में कटौती की गई थी, लेकिन इसके बाद धीरे धीरे कर ब्याज दरों को 6.5 प्रतिशत बढ़ा दिया गया। रेपो रेट में कटौती की घोषणा लंबे समय के बाद हुई है। इससे आम आदमी को होम लोन, वाहन, पसर्नल लोन की ईएमआई में राहत मिलेगी। सस्ते कर्ज से लोगों पर से ईएमआई का बोझ कम होगा।

विज्ञापन
विज्ञापन



25 आधार अंकों की कटौती से आपके होम लोन की ईएमआई पर क्या असर?

यदि किसी ने 50 लाख रुपये का लोन 8.5 प्रतिशत की ब्याज दर से 20 साल के लिए लिया है और आरबीआई यदि 0.25 प्रतिशत की कटौती की घोषणा करती है तो उसकी ईएमआई कम हो जाएगी, जैसे कि पुराने ब्याज दर  8.5 प्रतिशत पर 43,391 रुपये की ईएमआई देनी पड़ती है, और ब्याज दरों पर कटौती के बाद नई ब्याज 8.25 प्रतिशत पर 42,603 रुपये हो जाएगी, जिसमें महीने में 788 रुपये की बचत और साल भर में 9,456 रुपये की बचत होगी। यदि आप ने 5 लाख रुपये का कार लोन 12 प्रतिशत की ब्याज दर पर लिया है तो 11,282 रुपये पुरानी ईएमआई पर देने पड़ रहे हैं, यदि कटौती हुई तो कार लोन की नई ईएमआई 11,149 रुपये होगी। जिसमें 133 रुपये महीने के और साल भर में 1,596 रुपये की बचत होगी।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें