पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी।
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पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने गुरुवार को देश में ईंधन की कीमतों में बढ़ोतरी को लेकर सरकार का बचाव करते हुए कहा कि ऐसा अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमतों में बढ़ोतरी के कारण हुआ है। हालांकि, उन्होंने आश्वासन दिया कि देश की जनता को सस्ती कीमतों पर ईंधन उपलब्ध कराने के प्रयास किए जा रहे हैं।
रूस-यूक्रेन युद्ध का किया जिक्र
लोकसभा में एक सवाल के जवाब में पेट्रोलियम मंत्री ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में एलएनजी की कीमतें अप्रैल 2021 से फरवरी 2022 की तुलना में 37 प्रतिशत से अधिक बढ़ गई हैं। उन्होंने कहा कि कोविड-19 संकट के बाद रूस और यूक्रेन के बीच जारी युद्ध से जो हालात पैदा हुए हैं उसका असर ईंधन की कीमतों पर दिख रहा है। पुरी ने कहा कि जहां तक एलपीजी की कीमत की बात है तो यह सऊदी सीपी (अनुबंध मूल्य) पर आधारित है। इसमें अप्रैल 2020 से मार्च 2022 तक 285 प्रतिशत बढ़ोतरी हुई है।
केंद्र के प्रयासों की दी जानकारी
हरदीप सिंह पुरी ने कहा कि मैं इन तथ्यों को सदन में इसलिए रखना चाहता हूं, सभी सदस्य समझ सकें कि आज अंतरराष्ट्रीय स्थिति क्या है। इन परिस्थितियों के बावजूद सरकार यह सुनिश्चित करने के लिए हर संभव प्रयास कर रही है कि देश में उपभोक्ताओं को सस्ती कीमत पर ईंधन मिल सके। ईंधन की कीमतों में उबाल के बीच पुरी ने सरकार का बचाव करते हुए कहा कि केंद्र का हमेशा से यह प्रयास रहा है कि उपभोक्ताओं को अच्छे किफायती मूल्य पर सीएनजी उपलब्ध हो।
PMAY के तहत 1.15 करोड़ मकान स्वीकृत
पेट्रोलियम के साथ-साथ केंद्रीय आवास और शहरी मामलों के मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने एक अन्य सवाल के जवाब में कहा कि देश भर में प्रधानमंत्री आवास योजना-शहरी (पीएमएवाई-यू) के तहत 1.15 करोड़ से अधिक घरों के निर्माण को मंजूरी दी गई है। उन्होंने बताया कि कुल स्वीकृत घरों में से 56.20 लाख इकाइयां पहले ही पूरी हो चुकी हैं या लाभार्थियों को वितरित की जा चुकी हैं, जबकि 94.79 लाख निर्माणाधीन हैं। पुरी ने कहा कि राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को स्वीकृत घरों के निर्माण में तेजी लाने की सलाह दी गई है ताकि विस्तृत परियोजना रिपोर्ट के अनुसार सभी निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरे हो जाएं।