सार्वजनिक क्षेत्र की बिजली उत्पादक कंपनी एनटीपीसी ने 28 जुलाई को दैनिक आधार पर अब तक का सर्वाधिक सकल 97.707 करोड़ यूनिट बिजली का उत्पादन किया। कंपनी ने एक बयान में यह जानकारी दी। उसने कहा कि इसमें एनटीपीसी की अनुषंगी और संयुक्त उद्यम कंपनियों का बिजली उत्पादन शामिल है।
एनटीपीसी ने कहा कि उसके पांच बिजलीघरों कोरबा, सीपत और लारा (छत्तीसगढ़), तालचर कनिहा (ओडिशा) और हिमाचल प्रदेश में कोलडैम पनबिजली ने 28 जुलाई मंगलवार को शानदार प्रदर्शन किया है और इनका 100 फीसदी 'प्लांट लोड फैक्टर' (क्षमता के अनुपात में बिजली उत्पादन) रहा।
मार्च 2019 में बना था पिछला रिकॉर्ड
इससे पहले, एनटीपीसी का दैनिक रिकॉर्ड बिजली उत्पादन 12 मार्च 2019 को 93.546 करोड़ यूनिट दर्ज किया गया था। एनटीपीसी समूह की कुल उत्पादन क्षमता 62,910 मेगावाट है। समूह के 70 बिजलीघर हैं, जिसमें 24 कोयला आधारित, सात गैस/तरलीकृत ईंधन आधारित, एक पनबिजली, 13 नवीकरणीय ऊर्जा तथा 25 अनुषंगी एवं संयुक्त उद्यम बिजलीघर हैं।
बांड के जरिए 1,000 करोड़ रुपये जुटाएगी कंपनी
मालूम हो कि सार्वजनिक क्षेत्र की एनटीपीसी ने बुधवार को कहा था कि वह पूंजी व्यय और मौजूदा कर्ज चुकाने समेत अन्य कार्यों के लिये 31 जुलाई को निजी नियोजन आधार पर बांड जारी कर 1,000 करोड़ रुपये जुटाएगी।
कंपनी ने शेयर बाजार को दी सूचना में कहा, 'एनटीपीसी ने निजी नियोजन आधार पर असुरक्षित गैर-परिवर्तनीय बांड जारी कर 1,000 करोड़ रुपये जुटाने का निर्णय किया है। इस पर देय कूपन दर (ब्याज) 6.29 फीसदी सालाना होगी। इसकी परिपक्वता अवधि 10 साल, 8 महीना और 11 दिन है। इस लिहाज से यह बांड 11 अप्रैल 2031 को परिपक्व होगा।'
इसके लिए होगा राशि का इस्तेमाल
इससे प्राप्त राशि का उपयोग पूंजी व्यय के वित्त पोषण, कर्ज लौटाने और अन्य कंपनी कार्यों में किया जाएगा। बांड बीएसई और नेशनल स्टॉक एक्सचेंज में सूचीबद्ध होगा। इस बांड के बारे में 21 अगस्त 2019 को शेयरधारकों के संकल्प के जरिए मंजूरी ली गई थी।