कोरोना काल और लॉकडाउन के बीच मुकेश अंबानी की जियो लगातार मजबूत हो रही है। पिछले एक महीने में दुनियाभर के पांच अलग-अलग निवेशकों से कई अरब डॉलर के सौदे हासिल करने के बाद अब अरबपति मुकेश अंबानी की रिलायंस इंडस्ट्रीज अपने जियो प्लेटफॉर्म को विदेशी शेयर बाजार में लिस्ट कराने की तैयारियां कर रही है।
खबरों के मुताबिक कंपनी के प्रमुख मुकेश अंबानी कंपनी के तेजी से हो रहे विकास को देखते हुए इसे जल्दी ही वैश्विक स्तर पर उतारने के प्रयास में हैं। अंबानी ने पिछले अगस्त में कहा था कि वह अगले पांच वर्षों में आरआईएल के उपभोक्ता व्यवसायों रिलायंस जियो और खुदरा शाखा रिलायंस रिटेल को सूचीबद्ध करना चाहते हैं। उन्होंने कंपनी के एजीएम में शेयरधारकों को संबोधित करते हुए कहा था कि हमने अपने उपभोक्ता व्यवसायों में रणनीतिक और वित्तीय निवेशकों से मजबूत रुचि प्राप्त की है। हम अगले कुछ तिमाहियों में इन व्यवसायों में अग्रणी वैश्विक साझेदारों को शामिल करेंगे, और अगले पांच वर्षों में इन दोनों कंपनियों को सूचीबद्ध करने की दिशा में आगे बढ़ेंगे।'
अप्रैल के महीने में फेसबुक द्वारा शुरू हुए निवेश के बाद केकेआर ने भी मई के महीने में कंपनी के साथ एक बड़ी डील की। यही कारण है कि छह महीने पुरानी कंपनी जियो प्लेटफॉर्म्स का एंटरप्राइज वैल्यू अब 5.15 ट्रिलियन है, जो इसे ग्लोबल प्लेटफॉर्म जैसे कि अल्फाबेट, टेनसेंट, अलीबाबा इत्यादि के साथ तुलना में खड़ा करती है।
आरआईएल ने सितंबर 2016 में भारत के सबसे बड़े दूरसंचार ऑपरेटर, रिलायंस जियो को लॉन्च किया था, लेकिन इसके बाद कंपनी ने पीछे मुड़कर नहीं देखा और एक के बाद एक बड़ी उपलब्धि हासिल करते गई। फिलहाल अटकलें हैं कि अंबानी भारत में 5जी तकनीक की शुरुआत भी कर सकते हैं।