इस बीच अमेरिकी केंद्रीय बैंक फेडरल रिजर्व की ओर से ब्याज दरों में कटौती की उम्मीद के बीच विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों (एफपीआई) ने भारतीय बाजार में वापसी की। दिसंबर के पहले दो सप्ताह में एफपीआई ने भारतीय शेयर बाजारों में शुद्ध रूप से 22,766 करोड़ रुपये का निवेश किया है। इससे पहले नवंबर में एफपीआई ने भारतीय बाजार से 21,612 करोड़ रुपये और अकतूबर में 94,017 करोड़ रुपये की भारी निकासी की थी। दिलचस्प यह है कि सितंबर में एफपीआई का प्रवाह के लिए नौ माह के उच्चस्तर 57,724 करोड़ रुपये पर पहुंच गया था।
पहले बात करते हैं शेयर बाजार की
पिछले सप्ताह बीएसई का 30 शेयरों वाला सेंसेक्स 623.07 अंक या 0.76 प्रतिशत चढ़ गया। वहीं, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी 90.5 अंक या 0.36 प्रतिशत के लाभ में रहा।
इनका बाजार मूल्यांकन बढ़ा
- समीक्षाधीन सप्ताह में भारती एयरटेल का बाजार मूल्यांकन 47,836.6 करोड़ रुपये बढ़कर 9,57,842.40 करोड़ रुपये पर पहुंच गया।
- इन्फोसिस की बाजार हैसियत 31,826.97 करोड़ रुपये बढ़कर 8,30,387.10 करोड़ रुपये रही।
- एचडीएफसी बैंक का मूल्यांकन 11,887.78 करोड़ रुपये बढ़कर 14,31,158.06 करोड़ रुपये पर और आईसीआईसीआई बैंक का मूल्यांकन 11,760.8 करोड़ रुपये बढ़कर 9,49,306.37 करोड़ रुपये पर पहुंच गया।
- टीसीएस का बाजार पूंजीकरण 9,805.02 करोड़ रुपये के उछाल के साथ 16,18,587.63 करोड़ रुपये रहा।
इनका बाजार मूल्यांकन घटा
- इस रुख के उलट रिलायंस इंडस्ट्रीज का बाजार पूंजीकरण 52,031.98 करोड़ रुपये घटकर 17,23,144.70 करोड़ रुपये रह गया।
- एलआईसी की बाजार हैसियत 32,067.73 करोड़ रुपये घटकर 5,89,869.29 करोड़ रुपये पर आ गई।
- हिंदुस्तान यूनिलीवर (एचयूएल) का मूल्यांकन 22,250.63 करोड़ रुपये घटकर 5,61,423.08 करोड़ रुपये रह गया।
- भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) का बाजार मूल्यांकन 2,052.66 करोड़ रुपये घटकर 7,69,034.51 करोड़ रुपये पर आ गया।
- आईटीसी की बाजार हैसियत 1,376.19 करोड़ रुपये घटकर 5,88,195.82 करोड़ रुपये रह गई।
अब बात करते हैं एफपीआई की
डिपॉजिटरी के आंकड़ों के अनुसार, ताजा प्रवाह के साथ 2024 में अब तक शेयरों में एफपीआई का निवेश 7,747 करोड़ रुपये रहा है। एफपीआई ने इस महीने अबतक (13 दिसंबर तक) शेयरों में शुद्ध रूप से 22,766 करोड़ रुपये का निवेश किया है। इसकी वजह यह है कि माना जा रहा है कि अमेरिकी केंद्रीय बैंक ब्याज दर में कटौती करेगा। समीक्षाधीन अवधि में एफपीआई ने बॉन्ड में सामान्य सीमा के तहत 4,814 करोड़ रुपये का निवेश किया है। वहीं उन्होंने स्वैच्छिक प्रतिधारण मार्ग (वीआरआर) से 666 करोड़ रुपये की निकासी की है। इस साल अबतक एफपीआई ऋण या बॉन्ड बाजार में 1.1 लाख करोड़ रुपये का निवेश कर चुके हैं।