एक मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, मई 2023 में कुल 80 हजार लोगों को नौकरियों से निकाला गया है। इसमें से 3900 लोगों ने एआई के कारण अपनी नौकरी खोई है। अन्य लोगों को आर्थिक स्थिति, कटौती, पुनर्गठन आदि कारणों के वजह से नौकरी से निकाला गया है।
आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस यानी AI के कारण मई में चार हजार लोगों की नौकरी से निकाल दिया गया है। एक मीडिया रिपोर्ट के कंपनियां अपने लाभ के लिए एआई का उपयोग कर रही है, जिस वजह से अब लोगों की नौकरियां जा रही हैं।
पढ़िए, नौकरी खोने वाले लोगों का आंकड़ा
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एक मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, मई 2023 में कुल 80 हजार लोगों को नौकरियों से निकाला गया है। इसमें से 3900 लोगों ने एआई के कारण अपनी नौकरी खोई है। अन्य लोगों को आर्थिक स्थिति, कटौती, पुनर्गठन आदि कारणों के वजह से नौकरी से निकाला गया है। रिपोर्ट के अनुसार, 2023 में अबतक कुल चार लाख लोगों की छंटनी हुई है। पहली बार एआई के कारण लोगों की छंटनी हुई है, वह भी इतनी बड़ी संख्या में।
गूगल-माइक्रोसॉफ्ट ने भी लॉन्च किए एआई
पिछले साल के नवंबर में ओपन एआई ने चैट जीपीटी लॉन्च किया था, जो कुछ ही समय में चर्चाओं के केंद्र में आ गई थी। इसके बाद फरवरी 2023 में गूगल और माइक्रोसॉफ्ट ने अपने एआई लॉन्च किए, जिनका नाम बार्ड और बिंग है। आज अधिकतर कंपनियां इनका लाभ ले रही हैं, इस वजह से 4000 लोगों को अपनी-अपनी नौकरियों से हाथ धोना पड़ गया।