पश्चिम एशिया में बढ़ते सैन्य तनाव के कारण कई देशों ने अचानक अपने हवाई क्षेत्र पर प्रतिबंध लगा दिए हैं। इसी वजह से इंडिगो की दिल्ली से मैनचेस्टर जाने वाली फ्लाइट को करीब सात घंटे उड़ान भरने के बाद वापस दिल्ली लौटना पड़ा। एयरलाइन ने सोमवार को इस घटना की पुष्टि की।
प्रवक्ता ने कहा कि पश्चिम एशिया और उसके आसपास की स्थिति तेजी से बदल रही है। ऐसे हालात में कई उड़ानों को लंबा मार्ग लेना पड़ सकता है या उन्हें बीच रास्ते से ही मोड़ना पड़ सकता है। इसी वजह से इस उड़ान को भी अपने शुरुआती स्थान दिल्ली लौटना पड़ा।
एयरलाइन ने बताया कि यात्रियों की यात्रा फिर से शुरू कराने के लिए संबंधित अधिकारियों और एयरपोर्ट एजेंसियों के साथ समन्वय किया जा रहा है। कंपनी के अनुसार यात्रियों, क्रू और विमान की सुरक्षा उसकी सर्वोच्च प्राथमिकता है।
इस घटनाक्रम का असर शेयर बाजार में भी दिखा। सोमवार को इंटरग्लोब एविएशन (इंडिगो) के शेयरों में दबाव देखा गया। बीएसई पर कंपनी का शेयर करीब 4 प्रतिशत गिरकर 4,236 रुपये पर बंद हुआ। कारोबार के दौरान यह 4,035.65 रुपये के निचले स्तर तक पहुंच गया, जो पिछले सप्ताह के बंद स्तर से लगभग 8.37 प्रतिशत कम है।
विश्लेषकों के अनुसार निवेशकों की चिंता का एक प्रमुख कारण कच्चे तेल की कीमतों में तेजी भी है। पश्चिम एशिया में बढ़ते संघर्ष के चलते वैश्विक बाजार में कच्चे तेल की कीमत 100 डॉलर प्रति बैरल से ऊपर पहुंच गई है। रिपोर्टों के मुताबिक, प्रमुख तेल उत्पादकों द्वारा उत्पादन घटाने और होर्मुज जलडमरूमध्य के प्रभावी रूप से बंद रहने की आशंका के कारण कीमतें करीब 110 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गई हैं। माना जा रहा है कि अगर पश्चिम एशिया में तनाव लंबे समय तक जारी रहता है, तो अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के मार्ग, ईंधन लागत और एयरलाइंस के परिचालन पर इसका असर और बढ़ सकता है।