डिजिटल अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देने की सरकार की कोशिशों की वजह से ऑनलाइन लेनदेन में तेजी आई है। कैलेंडर वर्ष 2022 की तीसरी तिमाही यानी जुलाई-सितंबर के दौरान देश में 38.32 लाख करोड़ रुपये के 23.06 अरब डिजिटल लेनदेन हुए। इसमें यूपीआई लेनदेन सर्वाधिक 84 फीसदी रहा। डिजिटल लेनदेन में यूपीआई, डेबिट-क्रेडिट कार्ड, मोबाइल वॉलेट जैसे प्रीपेड पेमेंट इंस्ट्रूमेंट और प्रीपेड कार्ड से हुए लेनदेन भी शामिल हैं।
फास्टैग : सितंबर तक 5.88 करोड़ जारी
सितंबर, 2022 तक 36 बैंकों से 5.88 करोड़ एनईटीसी फास्टैग जारी किए गए हैं।
मोबाइल वॉलेट
तीसरी तिमाही में 551.8 अरब डॉलर के 1.44 अरब लेनदेन हुए। संख्या के लिहाज से सालाना आधार पर यह 19 फीसदी बढ़ा है, जबकि मूल्य के हिसाब से 9 फीसदी घटा है।