केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने रिश्वतखोरी की एक शिकायत के सिलसिले में पिछले साल अक्टूबर में गुजरात भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) की ओर से की गई कार्रवाई के दौरान सहकर्मी को भागने में कथित तौर पर मदद करने के आरोप में आयकर विभाग के एक अधिकारी को गिरफ्तार किया है।
सीबीआई की ओर से सोमवार को जारी एक विज्ञप्ति में कहा गया कि अहमदाबाद के तत्कालीन सहायक आयकर आयुक्त विवेक जौहरी को चार अक्टूबर को तत्कालीन आयकर आयुक्त संतोष करनानी को भागने में मदद करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। एक अधिकारी ने बताया कि शहर के बिल्डर रूपेश ब्रह्मभट्ट ने गुजरात एसीबी से संपर्क कर दावा किया था कि करनानी ने उनके खिलाफ कार्रवाई नहीं करने के एवज में 30 लाख रुपये की रिश्वत मांगी थी।
जब एसीबी की टीम 30 लाख रुपये बरामद करने के बाद करनानी को गिरफ्तार करने के लिए आश्रम रोड स्थित आयकर कार्यालय पहुंची तो जौहरी ने कथित तौर पर हंगामा किया जिससे करनानी मौके से भाग गए। गुजरात सरकार ने बाद में मामले की जांच सीबीआई को सौंप दी थी जिसने 12 अक्टूबर को प्राथमिकी दर्ज की थी।
सीबीआई की विज्ञप्ति में कहा गया है कि फरार होने से पहले करनानी ने जौहरी को दो मोबाइल हैंडसेट सौंपे थे, जिन्होंने सबूत नष्ट करने के लिए उन्हें साबरमती नदी में फेंक दिया था। विज्ञप्ति में कहा गया है कि गोताखोरों और अन्य एजेंसियों की मदद से दोनों मोबाइल फोन नदी से बरामद किए गए।