टीडीएस रिफंड में देरी पर मिलेगा ब्याज
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आयकर विभाग काटे गए अतिरिक्त टीडीएस के रिफंड में देरी होने पर ब्याज का भुगतान करेगा और भविष्य में इस मामले को लेकर टीडीएस काटने वाले के साथ कोई मुकदमेबाजी भी नहीं करेगा।
केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सेंट्रल बोर्ड ऑफ डायरेक्ट टैक्सेज) ने इस संबंध में ताजा दिशा-निर्देश जारी किए हैं। टीडीएस प्रमुख रूप से नियोक्ता द्वारा कर्मचारी को दिए जाने वाले वेतन पर काटा जाता है।
आयकर विभाग ने यह दिशा-निर्देश सुप्रीम कोर्ट के 2014 में जारी किए गए एक आदेश के आधार पर जारी किए हैं, जिसमें स्पष्ट किया गया था कि आयकर विभाग टीडीएस कैटेगरी के तहत किए गए रिफंड पर ब्याज का भुगतान करने के लिए बाध्य है।