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हुरुन ग्लोबल इंडेक्स-2023 : यूनिकॉर्न एवं गजेल की संख्या के लिहाज से भारत तीसरा बड़ा देश, पढ़ें कौन कहां खड़ा

Thu, 20 Apr 2023 05:41 AM IST
Jeet Kumar अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली।

सार

हुरुन ग्लोबल यूनिकॉर्न इंडेक्स-2023 के मुताबिक, भारत में 138 यूनिकॉर्न हैं। इनमें 70 की शुरुआत भारतीय सह-संस्थापकों ने किए हैं, लेकिन इनके मुख्यालय भारत के बाहर हैं।
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सांकेतिक तस्वीर - फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
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दुनिया में यूनिकॉर्न एवं गजेल की संख्या के लिहाज से अमेरिका व चीन के बाद भारत तीसरा सबसे बड़ा देश है। हुरुन ग्लोबल-500 कंपनियों की संख्या के मामले में यह पांचवें स्थान पर काबिज है। वहीं, रूस और सऊदी अरब जैसे 9 देशों में एक भी यूनिकॉर्न नहीं हैं। वहीं भारत में कुल 138 यूनिकॉर्न हैं और रूस व सऊदी अरब जैसे देशों में एक भी नहीं है।

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हुरुन ग्लोबल यूनिकॉर्न इंडेक्स-2023 के मुताबिक, भारत में 138 यूनिकॉर्न हैं। इनमें 70 की शुरुआत भारतीय सह-संस्थापकों ने किए हैं, लेकिन इनके मुख्यालय भारत के बाहर हैं। वहीं, कुल भारतीय स्टार्टअप में 68 यूनिकॉर्न का मुख्यालय देश में ही है।

रूस व सऊदी अरब के अलावा जहां एक भी यूनिकॉर्न नहीं हैं, उनमें पोलैंड, इरान, वेनेजुएला, दक्षिण अफ्रीका, बांग्लादेश, पाकिस्तान व रोमानिया हैं। यूनिकॉर्न का मूल्यांकन एक अरब डॉलर या अधिक होता है। गजेल का मूल्यांकन 50 करोड़ डॉलर से एक अरब डॉलर के बीच होता है।
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70 के मुख्यालय विदेश में हैं

दुनिया के 10 सबसे बड़े यूनिकॉर्न 
बाइटडांस, स्पेसएक्स, एंट ग्रुप, शीन, स्ट्राइप, वीबैंक, डाटाब्रिक्स, टेलीग्राम, रिवोल्ट और कैनिआवो।

सबसे बड़े निवेशक 
सिकोइया कैपिटल, टाइगर ग्लोबल मैनेजमेंट व सॉफ्टबैंक सबसे बड़े निवेशक हैं। इन्होंने क्रमश: 238, 179 और 168 यूनिकॉर्न में निवेश किया है।

भारत के आगे बढ़ने की संभावना  
भारत व चीन के अगले पांच वर्षों में हुरुन ग्लोबल-500 की रैंकिंग में आगे बढ़ने की संभावना बन रही है। फ्रांस, कनाडा और ऑस्ट्रेलिया अपना स्थान खो सकते हैं क्योंकि यहां स्टार्टअप बनने की रफ्तार घट रही है।

आर्थिक सुस्ती के बावजूद शानदार प्रदर्शन
हुरुन रिपोर्ट के चेयरमैन एवं मुख्य शोधकर्ता रुपर्ट हूगवेर्फ ने कहा, कोविड-19 शुरू होने के बाद तीन साल का इतिहास यूनिकॉर्न के प्रदर्शन के लिहाज से शानदार रहा है। इस दौरान प्रतिदिन एक यूनिकॉर्न बने। आर्थिक सुस्ती के बावजूद एक साल में दुनिया में 500 से ज्यादा नए यूनिकॉर्न सामने आए।

देश के शीर्ष-5 यूनिकॉर्न

  • बायजू देश का सबसे बड़ा और दुनिया का 14वां बड़ा यूनिकॉर्न है। इसका मूल्यांकन 22 अरब डॉलर है।
  • ड्रीम11 और स्विगी 8-8 अरब डॉलर के मूल्यांकन के साथ देश के दूसरे बड़े यूनिकॉर्न हैं। nओला और रेजरपे तीसरे स्थान पर हैं, मूल्यांकन 7.5-7.5 अरब डॉलर है।
  • ओयो 6.5 अरब डॉलर के साथ चौथे और क्रेड 6.4 अरब डॉलर के साथ पांचवें स्थान पर है।
  • बायजू दुनियाभर के उन शीर्ष-10 यूनिकॉर्न में भी शामिल है, जिसके मूल्यांकन में कोविड-19 महामारी से पहले के समय से ही भारी उछाल देखने को मिला।


रिपोर्ट की अन्य खास बातें...

  • 1,361 यूनिकॉर्न हैं दुनियाभर के 48 देशों के 271 शहरों में, जिनमें 508 नए हैं
  • 4,30,000 करोड़ डॉलर इनका मूल्यांकन जो जर्मनी की जीडीपी से ज्यादा
  • 171 यूनिकॉर्न फिनटेक क्षेत्र में हैं, जो सबसे अधिक
  • 666 यूनिकॉर्न के साथ अमेरिका नंबर वन चीन 316 के साथ दूसरे पायदान पर
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