फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

ईपीएफ भुगतान में देरी पर सरकार कंपनियों पर नहीं लगाएगी पेनाल्टी 

Tue, 18 Aug 2020 09:35 AM IST
संजीव कुमार झा बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
विज्ञापन
EPFO - फोटो : पीटीआई
विज्ञापन

कोरोना महामारी  के बीच आर्थिक संकट से जूझ रही कंपनियों को सरकार बड़ी राहत दे सकती है। सरकार ईपीएफ योगदान में हुई देरी पर पेनाल्टी और ब्याज पर राहत देने की तैयारी कर रही है। कंपनियों की खराब आर्थिक हालत को देखते हुए ये फैसला किया जा सकता है।

विज्ञापन


सरकार ने अनलॉक प्रक्रिया के तहत भले ही आर्थिक गतिविधियां शुरू कर दी हैं, लेकिन कोरोना संकट की वजह से कई कंपनियां पीएफ योगदान कर पाने में अब भी सक्षम नहीं हैं। सरकार चाहती है कि ये कंपनियां पहले अपनी आर्थिक स्थिति सुधारें, कर्मचारियों की सैलरी का भुगतान रेगुलर करें। ये राहत सिर्फ लॉकडाउन पीरियड के दौरान के लिए ही होगी।
 
अभी कितनी लगती है पेनाल्टी
कंपनियों को ईपीएफ का भुगतान हर महीने करना होता। पीएफ भुगतान में देरी पर पेनाल्टी कितनी लगेगी ये उस अवधि पर निर्भर करता है। आम तौर पर ये पेनाल्टी 5 से 25 फीसदी के बीच होती है। देरी होने पर पेनाल्टी के अलावा सरकार इस बकाए भुगतान पर 12 फीसदी सालाना के हिसाब से ब्याज भी वसूलती है। ईपीएफओ ने वित्त वर्ष 2018 में कंपनियों से ब्याज और पेनाल्टी के रूप में 52.40 करोड़ रुपये जमा किए थे। 
विज्ञापन


6.5 लाख कंपनियों को होगा फायदा 
सरकार अगर इस राहत का ऐलान करती है तो इससे 4.3 करोड़ कर्मचारियों और 6.5 लाख कंपनियों को फायदा होगा। आपको बता दें कि 24 फीसदी के पीएफ योगदान में 12 फीसदी कर्मचारी और 12 फीसदी कंपनी का हिस्सा होता है।

छोटी कंपनियों को पहले से ही फायदा 
इसके अलावा केंद्र सरकार प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना के तहत कई छोटी कंपनियों को फायदा भी दे रही है। इसमें केंद्र सरकार 24 फीसदी का पूरा पीएफ योगदान खुद कर रही है। ये कंपनियां वो हैं जिनमें 90 फीसदी कर्मचारियों की सैलरी 15 हजार रुपये से कम है। सरकार ने मार्च में इस राहत को तीन महीने के लिए दिया था, उसके बाद इसे और तीन महीने के लिए बढ़ा दिया गया। अब ये स्कीम 31 अगस्त को खत्म हो रही है।

विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें