अखिल भारतीय सर्राफा संघ ने कहा कि स्टॉकिस्टों और खुदरा विक्रेताओं की भारी बिकवाली के कारण सोमवार को राष्ट्रीय राजधानी में सोने की कीमत लगातार दूसरे कारोबारी सत्र में 1,150 रुपये की गिरावट के साथ 78,350 रुपये प्रति 10 ग्राम रह गई। 99.9 प्रतिशत शुद्धता वाली यह बहुमूल्य धातु शुक्रवार को 79,500 रुपये प्रति 10 ग्राम पर बंद हुई। चांदी भी 300 रुपए की गिरावट के साथ 92,500 रुपए प्रति किलोग्राम पर आ गई। पिछले कारोबारी सत्र में सोना 92,800 रुपये प्रति किलोग्राम पर बंद हुआ था। पिछले दो कारोबारी सत्रों में इसमें 4,500 रुपये प्रति किलोग्राम की गिरावट आई थी। सोमवार को 99.5 प्रतिशत शुद्धता वाले सोने का भाव 1,150 रुपए घटकर 77,950 रुपए प्रति 10 ग्राम रह गया।
आर्थिक नीतियों से जुड़ी अनिश्चतता के कारण बाजार की धारणा प्रभावित
व्यापारियों ने कहा कि अमेरिका के नव-निर्वाचित राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प की आर्थिक नीतियों जुड़ी अनिश्चितता के कारण बाजार में की धारणा में गिरावट आई है, इससे अमेरिकी डॉलर के लिए अनुकूल स्थिति बन सकती है। एमसीएक्स पर वायदा कारोबार में फरवरी डिलीवरी वाले सोने के अनुबंध की कीमत 143 रुपये यानी 0.19 प्रतिशत बढ़कर 77,279 रुपये प्रति 10 ग्राम हो गई। दिन के कारोबार के दौरान पीली धातु का भाव क्रमश: 76,904 रुपये प्रति 10 ग्राम के निचले स्तर और 77,295 रुपये प्रति 10 ग्राम के उच्चतम स्तर पर पहुंच गया।
जानकार बोले- सोने-चांदी में उतार-चढ़ाव का दौर जारी
एलकेपी सिक्योरिटीज के उपाध्यक्ष शोध विश्लेषक - कमोडिटी व करेंसी, जतीन त्रिवेदी ने कहा, "सोने में उतार-चढ़ाव का दौर जारी रहा, तथा पिछले सप्ताह भी इसमें उतार-चढ़ाव जारी रहा, क्योंकि बाजार इस सप्ताह कई प्रमुख आर्थिक घटनाओं के लिए तैयार है।" कमोडिटी एक्सचेंज में मार्च डिलीवरी चांदी का वायदा भाव 319 रुपये यानी 0.35 प्रतिशत बढ़कर 91,320 रुपये प्रति किलोग्राम हो गया।
अंतरराष्ट्रीय बाजार में कॉमेक्स पर सोना वायदा 2.70 डॉलर प्रति औंस या 0.10 प्रतिशत बढ़कर 2,678.50 डॉलर प्रति औंस हो गया। एचडीएफसी सिक्योरिटीज के कमोडिटीज के वरिष्ठ विश्लेषक सौमिल गांधी ने कहा, "मध्य पूर्व में चल रहे भू-राजनीतिक तनाव, विशेष रूप से इस्राइल की ओर से गाजा में हवाई और जमीनी हमले किए जाने के बाद, सुरक्षित निवेश के रूप में सोने की मांग को बढ़ावा मिला है और यह स्थिति गिरावट को सीमित कर रही है। गांधी ने कहा कि सोमवार को जारी होने वाले अमेरिका और यूरोजोन के फ्लैश पीएमआई समग्र जोखिम भावना को प्रभावित कर सकते हैं और सोने-चांदी में अस्थिरता पैदा कर सकते हैं।
विकास और महंगाई जैसे कारकों से प्रभावित होगा सोने का भाव
एशियाई कारोबार में चांदी 0.26 प्रतिशत बढ़कर 31.11 डॉलर प्रति औंस पर पहुंच गई। वर्ल्ड गोल्ड काउंसिल (डब्ल्यूजीसी) के अनुसार, इस साल रिकॉर्ड तोड़ उछाल के बाद 2025 में कीमती धातुओं की कीमतों में और अधिक धीमी वृद्धि होने वाली है। हालांकि, अगले साल की बढ़त विकास और मुद्रास्फीति जैसे कारकों से प्रभावित होने की संभावना है।
डब्ल्यूजीसी ने अपनी 2025 की परिदृश्य रिपोर्ट में कहा है कि अमेरिका के नव-निर्वाचित राष्ट्रपति ट्रम्प के दूसरे कार्यकाल में संभावित व्यापार युद्ध और जटिल ब्याज दर परिदृश्य के कारण आर्थिक विकास दर में गिरावट आ सकती है, जिससे निवेशकों और उपभोक्ताओं की मांग प्रभावित हो सकती है।