शोमैन के नाम से मशहूर दिवंगत राज कपूर की यादों से जुड़ा 70 साल पुराना आरके स्टूडियो शुक्रवार को बिक गया। इसे गोदरेज प्रॉपर्टीज ने खरीदा है। मुंबई के चेंबूर इलाके में 2.2 एकड़ में फैले आरके स्टूडियो का सौदा कितने में तय हुआ है, इसकी पुख्ता जानकारी सामने नहीं आई है। हालांकि, मीडिया रिपोर्ट्स में इस सौदे की कीमत 200 करोड़ रुपये तक बताई जा रही है।
स्टूडियो का मालिकाना हक रणधीर कपूर, ऋषि कपूर और राजीव कपूर के पास था। गोदरेज प्रॉपर्टीज के अनुसार आरके स्टूडियो में 33 हजार वर्ग मीटर क्षेत्र में मॉडर्न रेजिडेंशियल अपार्टमेंट और लग्जरी रिटेल स्पेस डेवलप किया जाएगा। गोदरेज प्रॉपर्टीज गोदरेज ग्रुप की सहायक कंपनी है।
राज कपूर ने 1948 में आरके स्टूडियो की स्थापना की थी। होली और गणेशोत्सव पर यहां होने वाले आयोजन बॉलीवुड में खासे लोकप्रिय थे। राज कपूर के बेटे रणधीर कपूर ने कहा कि यह स्टूडियो दशकों तक उनके दिल के काफी करीब था, लेकिन अब इसे चलाना संभव नहीं था।
अब इस जगह की नई कहानी गोदरेज लिखेगी। वहीं, गोदरेज प्रॉपर्टीज के एग्जीक्यूटिव चेयरमैन पिरोजशा गोदरेज ने कहा कि यह आइकॉनिक साइट कंपनी के डेवलपमेंट प्रोफाइल को बढ़ाएगी। यह बहुत ही उपयुक्त जगह पर है। इसके आसपास कई स्कूल, अस्पताल, रिटेल मॉल, कॉलोनी और व्यावसायिक जगह हैं। हम अपने ग्राहकों को इस साइट पर उत्कृष्ट जीवन देने के साथ इस स्थल की विरासत का जश्न मनाएंगे।
आखिरी बार कपूर खानदान ने गणेश चतुर्थी का उत्सव इसी स्टूडियो में मनाया था। इस स्टूडियो से आम लोगों का भी काफी भावनात्मक लगाव रहा है। आरके फिल्म्स की कई फिल्मों की शूटिंग यहां हुई थी। लेकिन वक्त के साथ मुंबई से दूरी के चलते यहां फिल्मों की शूटिंग का काम कम होता चला गया।
मीडिया रिपोर्ट्स में दावा- सौदा 200 करोड़ रु. तक
- 2017 में आग लगने के बाद बेचने का फैसला किया था
- 2017 में आग लगने से आरके स्टूडियो का बड़ा हिस्सा जल गया था। इसके बाद कपूर खानदान ने इसे बेचने का फैसला किया। आरके स्टूडियो में 1948 में बनी पहली फिल्म आग के बाद से अब तक 21 फिल्में बनी हैं। अंतिम फिल्म आ अब लौट चलें थी। इस स्टूडियो ने बरसात, आवारा, श्री 420, बूट पॉलिश जैसी कई हिट फिल्में दी हैं।