फोर्ब्स रियल-टाइम बिलियनेयर्स सूची के ताजा आंकड़ों के मुताबिक, देश के कॉरपोरेट जगत में भारत के सबसे अमीर व्यक्ति के ताज को लेकर जारी जंग में बड़ा फेरबदल देखने को मिला है। रिलायंस इंडस्ट्रीज के चेयरमैन मुकेश अंबानी ने अदाणी ग्रुप के चेयरमैन गौतम अदाणी को पछाड़कर एक बार फिर भारत के सबसे अमीर व्यक्ति का स्थान हासिल कर लिया है। शेयर बाजार में होने वाली दैनिक हलचल और कंपनियों के शेयर मूल्यांकन में बदलाव के बीच मुकेश अंबानी की कुल संपत्ति बढ़कर 78.8 अरब डॉलर पहुंच गई है। इस उछाल के साथ वे वैश्विक स्तर पर अरबपतियों की सूची में 25वें पायदान पर काबिज हो गए हैं, जबकि 74.9 अरब डॉलर की संपत्ति के साथ गौतम अडानी दूसरे स्थान पर खिसक गए हैं।
भारत के टॉप-5 सबसे अमीर व्यक्तियों की सूची में कौन-कौन शामिल हैं?
फोर्ब्स की रियल-टाइम लिस्ट के अनुसार, भारतीय अरबपतियों की रैंकिंग में रिलायंस और अडानी समूह के शीर्ष दो स्थानों पर कब्जा बनाए रखने के साथ-साथ देश के प्रमुख उद्योगपतियों की स्थिति इस प्रकार है:
- मुकेश अंबानी: 78.8 अरब डॉलर की अनुमानित नेटवर्थ के साथ भारत में पहले और दुनिया में 25वें स्थान पर हैं।
- गौतम अदाणी: 74.9 अरब डॉलर की संपत्ति के साथ भारत में दूसरे स्थान पर हैं।
- सावित्री जिंदल: 36.6 अरब डॉलर की संपत्ति के साथ भारत की सबसे अमीर महिला और देश की तीसरी सबसे अमीर शख्सियत हैं। वे वैश्विक स्तर पर 64वें स्थान पर हैं।
- लक्ष्मी मित्तल: 30.6 अरब डॉलर की नेटवर्थ के साथ भारत के टॉप अरबपतियों में चौथे स्थान पर काबिज हैं।
- शिव नादर: 27.4 अरब डॉलर की संपत्ति के साथ देश के पांचवें सबसे अमीर व्यक्ति हैं।
एशिया और दुनिया के सबसे अमीर शख्सियत के पायदान पर कौन हैं?
जहां भारत में मुकेश अंबानी ने पहला स्थान हासिल किया है, वहीं एशियाई और वैश्विक स्तर पर शीर्ष स्थान के आंकड़े अलग तस्वीर पेश करते हैं:
- एशिया के नंबर-1 अमीर: चीन के झांग यिमिंग जो शॉर्ट वीडियो प्लेटफॉर्म टिकटॉक की मूल कंपनी 'बाइटडांस' के मालिक हैं- 84 अरब डॉलर की नेटवर्थ के साथ एशिया के सबसे अमीर व्यक्ति बने हुए हैं। एशिया में मुकेश अंबानी दूसरे और गौतम अडानी तीसरे स्थान पर हैं।
- दुनिया के पहले खरबपति: एलन मस्क 1.007 ट्रिलियन डॉलर (1,007 अरब डॉलर) की अप्रत्याशित संपत्ति के साथ वैश्विक स्तर पर दुनिया के सबसे अमीर व्यक्ति और पहले खरबपति बने हुए हैं।
शेयर बाजार के उतार-चढ़ाव से कैसे बदलती है अरबपतियों की नेटवर्थ?
फोर्ब्स की रियल-टाइम बिलियनेयर्स सूची अरबपतियों की संपत्ति में दैनिक स्तर पर होने वाले बदलावों को ट्रैक करने का सबसे प्रमुख पैमाना मानी जाती है:
- शेयरों में निवेश और कागजी संपत्ति: कई अरबपतियों की संपत्ति का बड़ा हिस्सा उनकी कंपनियों के सार्वजनिक शेयरों में लगा होता है। इसलिए शेयर बाजार में उतार-चढ़ाव का सीधा असर उनकी अनुमानित नेटवर्थ पर पड़ता है। उदाहरण के लिए, यदि किसी अरबपति के पास 1,000 रुपये प्रति शेयर के भाव वाले 10 करोड़ शेयर हैं, तो उनकी कुल हिस्सेदारी 10,000 करोड़ रुपये होगी। यदि शेयर की कीमत बढ़कर 1,100 रुपये हो जाती है, तो संपत्ति 11,000 करोड़ रुपये हो जाएगी। हालांकि, यह केवल कागजों पर संपत्ति का मूल्य विस्तार है, इसका अर्थ बैंक खाते में नकद राशि का आना नहीं है।
- हर पांच मिनट में अपडेट: शेयर बाजार खुला रहने के दौरान कंपनियों में अरबपतियों की शेयर हिस्सेदारी का मूल्यांकन लगभग 15 मिनट की देरी के साथ हर 5 मिनट में अपडेट किया जाता है। इसी वजह से बाजार की तेजी या मंदी के साथ अरबपतियों की रैंकिंग में लगातार उतार-चढ़ाव दिखता है।
फोर्ब्स की इस ताजा रैंकिंग से साफ है कि भारतीय और एशियाई कॉर्पोरेट जगत में शीर्ष स्थान की होड़ सीधे तौर पर शेयर बाजार में कंपनियों के प्रदर्शन से जुड़ी हुई है। मुकेश अंबानी का पुनः शीर्ष पर पहुंचना जहां रिलायंस के शेयर मूल्य में मजबूती को दर्शाता है, वहीं 5 मिनट के रियल-टाइम अपडेट मॉडल के कारण बाजार के अगले रुख के साथ इस रैंकिंग में फिर बदलाव देखने को मिल सकता है।