फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Equity Fund: अनिश्चितता के माहौल में इक्विटी म्यूचुअल फंड बेहतर, जानिए क्या कहते हैं एक्सपर्ट

Mon, 25 Jul 2022 05:06 AM IST
Amit Mandal अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली।

सार

वेल्थ डायरेक्ट के निदेशक शेखर राय कहते हैं, निवेशक अगर निवेश के दौरान कुछ बुनियादी बातों का पालन करे तो बाजार के उतार-चढ़ाव में वह अच्छा फायदा कमा सकता है।
विज्ञापन
शेयर बाजार - फोटो : सोशल मीडिया
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

इस पूरे साल अभी तक के सात महीने में शेयर बाजार पूरी तरह से उतार-चढ़ाव वाला रहा है। निवेशकों को फायदा के बजाय घाटा ही मिला है। हालांकि अभी भी बाजार में अनिश्चितता बने रहने की उम्मीद है। ऐसे में इक्विटी म्यूचुअल फंड में निवेश का गणित बताती अजीत सिंह की रिपोर्ट। 

विज्ञापन


वेल्थ डायरेक्ट के निदेशक शेखर राय कहते हैं, निवेशक अगर निवेश के दौरान कुछ बुनियादी बातों का पालन करे तो बाजार के उतार-चढ़ाव में वह अच्छा फायदा कमा सकता है। इस समय अनिश्चितता का माहौल है। ऐसे में इक्विटी म्यूचुअल फंड एक बेहतर रणनीति साबित हो सकती है। अमूमन निवेशक बाजार की गिरावट में निवेश बेच देते हैं। जबकि ठीक इसके उलट उनको फैसला लेना चाहिए। बाजार की स्थिति कुछ भी हो, अगर बुनियादी बातों को दरकिनार किया जाता है तो वित्तीय लक्ष्यों तक पहुंचना मुश्किल हो सकता है। ऐसे में अनुशासन के साथ आपको संपत्तियों का विविधीकरण करना चाहिए। यानी 100 रुपये के निवेश को कई जगह पर लगाना चाहिए। इससे आपको न केवल संतुलित मुनाफा होगा, बल्कि स्थिर रिटर्न भी मिलेगा।

विविधीकरण एक अनिवार्य हिस्सा
कई जगह पर निवेश करना किसी भी निवेश का एक अनिवार्य हिस्सा है। विभिन्न परिसंपत्ति वर्गों में निवेश करके एक निवेशक को यह भरोसा दिलाया जा सकता है कि उसके पोर्टफोलियो पर अस्थिर बाजार में भी विपरीत असर नहीं होगा। पहली बार में तो कुछ निवेशक इसे पूरा कर भी लेते हैं, पर हमेशा इसका पालन करना उनके लिए चुनौती का काम होता है। इससे निपटना काफी जरूरी होता है। 
विज्ञापन


म्यूचुअल फंड का रास्ता अपनाएं
विविधीकरण की चुनौतियों से निपटने के लिए फंड हाउस इस तरह की योजना लाते हैं। इसमें असेट अलोकेटर एक बेहतर योजना साबित हुई है। इसका रिटर्न देखें तो आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल ने फंड ऑफ फंड ढांचे के जरिये निवेश का विकल्प दिया है। जिससे अच्छा रिटर्न मिला गै। यह इन हाउस मूल्यांकन के मॉडल पर निवेश करता है। 
 
बीएसई सेंसेक्स का 1.41 फीसदी रिटर्न
13 जुलाई तक एक साल के रिटर्न को देखें तो वैल्यू रिसर्च के अनुसार, बीएसई सेंसेक्स ने केवल 1.41 फीसदी का रिटर्न दिया है। इसी अवधि में म्यूचुअल फंड की स्कीम ने 14 से 20 फीसदी का रिटर्न दिया है। एमएनसी फंड ने 7 फीसदी का फायदा दिया है। जबकि वैल्यू डिस्कवरी फंड ने 10.52 फीसदी का रिटर्न दिया है। डिविडेंड यील्ड इक्विटी फंड का रिटर्न इसी दौरान 10.75 फीसदी का रहा है। 

रणनीति का पालन 
विशेषज्ञों का मानना है कि म्यूचुअल फंड हाउस बाजार की बदलती स्थितियों के बावजूद अपनी रणनीति पर टिके रहते हैं। वे गिरावट में निवेश को सुरक्षित रखने पर फोकस करते हैं। इनकी निवेश की टीम एक कायम निवेश की प्रक्रि या का पालन करती है। ये बड़े पैमाने पर उठापटक के माहौल में उन योजनाओं का समर्थन करते हैं जिसके पोर्टफोलियो का संचालन काफी आसान हो। 

मध्यम से लंबी अवधि का नजरिया सकारात्मक
निवेश विशेषज्ञ एस नरेन कहते हैं कि इक्विटी पर हमारा नजरिया मध्यम से लंबी अवधि के लिए सकारात्मक बना हुआ है। हम निवेश के लिए एसआईपी और एसटीपी की सलाह देते हैं। हम उन योजनाओं में निवेश करने के लिए कहते हैं जो निकट समय में अस्थिरता को कम करने के लिए विविधीकरण का पालन करती हैं। हम ऑटो, बैंक, कैपिटल गुड्स जैसे क्षेत्र में निवेश करने के पक्षधर हैं। हालांकि इस समय मेटल जैसे कई सारे क्षेत्र महंगे मूल्यांकन पर हैं। 

फंड स्कीम                  एक साल का रिटर्न
लार्ज एंड मिड कैप        11.50 फीसदी
इंडिया अपोर्च्युनिटीज फंड    12.42 फीसदी
इक्विटी एवं डेट फंड        14.21 फीसदी
मल्टी एसेट फंड        14.87 फीसदी
एफएमसीजी फंड        20.12 फीसदी

कभी भी खुदरा निवेशकों को बाजार में सीधे निवेश करने के बजाय उनको म्यूचुअल फंड का रास्ता अपनाना चाहिए। इससे आपके निवेश पर खतरा कम रहता है। साथ ही बेंचमार्क की तुलना में एक अच्छा फायदा मिलता है। क्योंकि फंड हाउस के पास निवेश का लंबे समय का अनुभव होता है। साथ ही वे हर स्थिति पर नजर रखते हैं। - विपिन भूटानी, निवेश विशेषज्ञ। 

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें