तस्करी बड़े पैमाने पर हो रही है। इस मुद्दे की भयावहता का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि डीआरआई हर महीने 1,000 करोड़ रुपये से अधिक की प्रतिबंधित सामग्री जब्त करता है। राजस्व खुफिया महानिदेशालय के महानिदेशक मोहन कुमार सिंह ने फिक्की कास्केड के सम्मेलन में कहा कि आज तस्कर अंतरराष्ट्रीय सीमाओं के पार माल की तस्करी के लिए जटिल तरीकों व तकनीकों का उपयोग कर रहे हैं। सिंह ने कहा, जालसाजी और तस्करी के मामले में इस तरह का अवैध व्यापार एक वैश्विक जोखिम है। इसका आर्थिक गतिविधियों पर नकारात्मक प्रभाव पड़ता है।
वैश्विक जीडीपी को दो लाख करोड़ डॉलर की चपत
विश्व कस्टम संगठन (डब्ल्यूसीओ) के निदेशक पीके दास ने कहा कि हर साल तस्करी से दुनिया की अर्थव्यवस्था को दो लाख करोड़ डॉलर का नुकसान होता है। फिक्की कास्केड के अध्यक्ष अनिल राजपूत ने कहा, हमने सम्मेलन में जागरूकता बढ़ाने में कोई कसर नहीं छोड़ने का संकल्प लिया और तस्करी के खिलाफ ठोस कार्रवाई करने का संकल्प लिया।
पीएलआई... दूरसंचार क्षेत्र को राशि मिलनी शुरू
दूरसंचार विभाग ने 2021-22 के लिए अपना लक्ष्य पूरा करने वाले निर्माताओं को उत्पादन से जुड़ी प्रोत्साहन (पीएलआई) रकम देना शुरू कर दिया है। जीएक्स टेलीकॉम ने कहा कि उसे इस योजना के तहत दूरसंचार विभाग से रकम मिली है। कंपनी के पास 3.5 लाख यूनिट जीपीओएन उपकरण बनाने की क्षमता है, जिनका उपयोग ब्रॉडबैंड नेटवर्क शुरू करने के लिए किया जाता है। वैश्विक बाजार में भारत में बने टेलीकॉम उपकरणों की मांग बढ़ी है। दूरसंचार विभाग के एक अधिकारी ने कहा, प्रोत्साहन प्राप्त करने वाली योजना के तहत जीएक्स इंडिया पहली कंपनी है।
ऑयल इंडिया को 1,746 करोड़ का लाभ
सरकारी कंपनी ऑयल इंडिया को दिसंबर तिमाही में 1,746 करोड़ रुपये का मुनाफा हुआ है। एक साल पहले यह 1,245 करोड़ रुपये था। यह इसके इतिहास में अब तक का सर्वोच्च लाभ है। कंपनी ने प्रति शेयर दस रुपये लाभांश देने की घोषणा की है। कंपनी ने रविवार को कहा कि तेल और प्राकृतिक गैस की कीमतें बढ़ने से उसके फायदे पर असर दिखा है।
टाटा स्टील की 7 कंपनियों का विलय 2024 तक होगा पूरा
टाटा स्टील की सात कंपनियों का विलय 2023-24 में पूरा होने की उम्मीद है। इन कंपनियों में टाटा स्टील लांग प्रोडक्ट, द टिनप्लेट कंपनी, टाटा मेटालिक्स, टीआरएफ, इंडियन स्टील एवं वायर प्रोडक्ट और टाटा स्टील माइनिंग एवं एसएंडटी माइनिंग कंपनी आदि हैं। कंपनी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) टीवी नागेंद्रन ने रविवार को बताया कि सितंबर, 2022 में बोर्ड ने 7 कंपनियों के विलय को मंजूरी दी थी। इससे लागत घटाने में मदद मिलेगी। हालांकि, विलय को पूरा करने में नियामकीय प्रक्रियाओं की भी भूमिका होगी और इस वजह से यह अगले वित्त वर्ष में पूरा हो सकता है।