पेंशनभोगियों की ओर से डिजिटल जीवन प्रमाणपत्र जमा करने को बढ़ावा देने के लिए केंद्र सरकार नवंबर में एक बड़ा अभियान शुरू करेगी। जीवन प्रमाण पत्र जमा करना पेंशनभोगियों की ओर से हर साल नवंबर महीने में की जाने वाली एक महत्वपूर्ण गतिविधि है (80 वर्ष और उससे अधिक आयु के पेंशनभोगियों के लिए अक्टूबर में उन्हें जमा करने के लिए एक विशेष प्रावधान के साथ) ताकि उनकी पेंशन की निरंतरता सुनिश्चित हो सके।
बयान में कहा गया है कि केंद्र सरकार के पेंशनभोगियों के जीवन को आसान बनाने के लिए पेंशन व पेंशनभोगी कल्याण विभाग (डीओपीपीडब्ल्यू) डिजिटल जीवन प्रमाणपत्र (डीएलसी) यानी 'जीवन प्रमाण' को बड़े पैमाने पर बढ़ावा दे रहा है। मंत्रालय ने एक बयान में कहा, ''केंद्र सरकार के सभी पेंशनभोगियों के साथ-साथ पेंशन वितरण करने वाले अधिकारियों के बीच डिजिटल जीवन प्रमाण पत्र जमा करने के लिए डीएलसी/फेस ऑथेंटिकेशन तकनीक के उपयोग के बारे में जागरूकता फैलाने के उद्देश्य से डीओपीपीडब्ल्यू ने नवंबर 2022 में देश भर के 37 शहरों में एक राष्ट्रव्यापी अभियान शुरू किया था। कार्मिक मंत्रालय की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि यह अभियान एक बड़ी सफलता थी, जिसमें केंद्र सरकार के पेंशनभोगियों के 35 लाख से अधिक डीएलसी जारी किए गए थे।"
इसी तरह का अभियान अब 1 से 30 नवंबर, 2023 तक देश भर के 100 शहरों में आयोजित किया जाएगा, जिसमें 50 लाख पेंशनभोगियों को लक्षित किया जाएगा।