बिजनेस साइकिल फंड का लक्ष्य विभिन्न सेक्टर, थीम और मार्केट कैप में अवसरों का लाभ उठाना है। निवेश का सिद्धांत टॉप डाउन अप्रोच है। यह प्रचलित बिजनेस साइकल की बुनियाद पर इन अवसरों की पहचान करने के इर्द-गिर्द घूमता है। यह स्कीम बिलकुल लचीली है और इसमें टिकने के लिए कोई न्यूनतम निवेश जैसी सीमा नहीं है। यह मार्केट चक्र के आधार पर निवेश थीम पर फैसला लेता है और विभिन्न वित्तीय मानदंडों के आधार पर पहचाने गए सेक्टर के भीतर चुनिंदा स्टॉक में आए अवसरों का लाभ उठाता है।
मजबूत वैश्विक और घरेलू विकास की अवधि के दौरान, फंड वैश्विक स्तर पर मेटल, माइनिंग और तेल जैसे सेक्टरों पर ध्यान केंद्रित कर सकते हैं। घरेलू स्तर पर कंज्यूमर ड्यूरेबल, कैपिटल गुड्स, बैंकिंग, ऑटो और इन्फ्रास्ट्रक्चर जैसे सेक्टरों को चुन सकता है। इसी तरह, धीमी वैश्विक और घरेलू विकास की अवधि के दौरान, घरेलू स्तर पर दूरसंचार, एफएमसीजी और यूटिलिटीज जैसे डिफेन्सिव सेक्टर पर केंद्रित हो सकता है। आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल बिजनेस साइकल फंड ने बेंचमार्क निफ्टी 500 टीआरआई के मुकाबले दमदार प्रदर्शन किया है।
तीन साल में दोगुना हो गया निवेश
आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल बिजनेस साइकल फंड में 18 जनवरी 2021 को किया गया 10 लाख रुपये का निवेश 31 मार्च 2024 तक बढ़कर लगभग 20.8 लाख हो गया जो कि 25.7 फीसदी का सीएजीआर यानी सालाना चक्रवृद्धि रिटर्न है। बेंचमार्क निफ्टी 100 टीआरआई में समान निवेश का मूल्य 17.7 लाख हुआ। फंड का एसआईपी रिटर्न भी काफी दमदार रहा है। 10,000 रुपये के एसआईपी में 3.9 लाख रुपये का निवेश 31 मार्च 2024 तक 6.1 लाख रुपये का हुआ, यानी 28.8 फीसदी का रिटर्न।
55 फीसदी निवेश घरेलू क्षेत्र से जुड़े शेयरों में
बिजनेस साइकल फंड ने अपने पोर्टफोलियो को अच्छे बैंकों, फार्मा और आईटी जैसे रक्षात्मक सेक्टर पर ध्यान केंद्रित करने के साथ-साथ इलेक्ट्रिक वाहनों की बढ़ती मांग से ऑटो सेक्टर पर भी सकारात्मक रुख दिखाया है। पोर्टफोलियो का 55% निवेश घरेलू सेक्टर से जुड़े शेयरों में है जो मजबूत आर्थिक गतिविधि का संकेत देता है।
निवेश सलाहकार देवांग जोशी ने बतायया कि तीन साल से अधिक की समयावधि वाले निवेशकों के लिए बिजनेस साइकल फंड अच्छा है। यह मजबूत सेक्टर और थीम में निवेश करता है।