भारत के चीनी उद्योग ने चालू 2025-26 सीजन की पहली तिमाही में मजबूत प्रदर्शन किया है। अक्तूबर से दिसंबर की अवधि में देश का चीनी उत्पादन 23.43 प्रतिशत बढ़कर 11.83 मिलियन टन हो गया है, जबकि पिछले वर्ष इसी अवधि में यह 9.56 मिलियन टन था। नेशनल फेडरेशन ऑफ कोऑपरेटिव शुगर फैक्ट्रीज लिमिटेड (एनएफसीएसएफ) के आंकड़ों के अनुसार, इस उछाल का मुख्य श्रेय महाराष्ट्र को जाता है, जहां उत्पादन में 63 प्रतिशत की भारी वृद्धि हुई और यह 4.87 मिलियन टन तक पहुंच गया। इसके अतिरिक्त, देश के सबसे बड़े चीनी उत्पादक राज्य उत्तर प्रदेश में उत्पादन बढ़कर 3.56 मिलियन टन और कर्नाटक में 2.21 मिलियन टन हो गया है। 31 दिसंबर तक, 499 मिलों ने 8.83 प्रतिशत की औसत रिकवरी दर के साथ 134 मिलियन टन गन्ने की पेराई की है। एनएफसीएसएफ ने पूरे 2025-26 सीजन के लिए 31.5 मिलियन टन चीनी उत्पादन का अनुमान लगाया है, जिसमें इथेनॉल उत्पादन के लिए डायवर्ट किए जाने वाले 3.5 मिलियन टन शामिल नहीं हैं।
रेफ्रिजरेटर, टीवी और एलपीजी स्टोव समेत कई उपकरणों पर स्टार रेटिंग अनिवार्य
भारत सरकार ने ऊर्जा संरक्षण की दिशा में एक बड़ा कदम उठाते हुए 1 जनवरी, 2026 से रेफ्रिजरेटर, टेलीविजन, एलपीजी गैस स्टोव और चिलर सहित कई प्रमुख बिजली उपकरणों के लिए 'स्टार-लेबलिंग' को अनिवार्य कर दिया है। ऊर्जा दक्षता ब्यूरो (BEE) द्वारा जारी राजपत्र अधिसूचना के अनुसार, यह निर्णय देश की ऊर्जा दक्षता को बढ़ाने और कार्बन उत्सर्जन को कम करने के दीर्घकालिक लक्ष्यों को ध्यान में रखकर लिया गया है। अब तक फ्रॉस्ट-फ्री रेफ्रिजरेटर, डायरेक्ट कूल रेफ्रिजरेटर, डीप फ्रीजर और विभिन्न प्रकार के एयर कंडीशनर (कैसेट, फ्लोर स्टैंडिंग टावर, सीलिंग, कॉर्नर एसी) पर स्टार रेटिंग स्वैच्छिक थी। इसके अलावा कलर टेलीविजन और अल्ट्रा-हाई डेफिनिशन (UHD) टीवी पर भी रेटिंग लगाना कंपनियों की इच्छा पर निर्भर था। लेकिन नए नियमों के लागू होने के बाद, निर्माताओं के लिए इन उत्पादों पर ऊर्जा दक्षता रेटिंग प्रदर्शित करना कानूनी रूप से अनिवार्य होगा।
ईएसआईसी ने एसपीआरईई 2025 योजना को एक महीने के लिए बढ़ाया
श्रम मंत्रालय ने बताया है कि कर्मचारी राज्य बीमा निगम (ईएसआईसी) ने नियोक्ताओं और कर्मचारियों के पंजीकरण को बढ़ावा देने की योजना की समय सीमा एक महीने बढ़ाकर 31 जनवरी, 2026 तक कर दी है।यह योजना अपंजीकृत नियोक्ताओं और कर्मचारियों को निरीक्षण से गुजरे बिना या किसी भी पूर्व बकाया या रिकॉर्ड की मांग का सामना किए बिना ईएसआई ढांचे का हिस्सा बनने का एक अनूठा अवसर प्रदान करती है।
श्रम मंत्रालय के एक बयान के अनुसार, नियोक्ताओं, नियोक्ता संघों और राज्य सरकारों से प्राप्त अभ्यावेदनों को ध्यान में रखते हुए, नियोक्ताओं और कर्मचारियों के पंजीकरण को प्रोत्साहन देने की योजना (एसपीआरई 2025), जिसे ईएसआईसी द्वारा शुरू किया गया था और जो 1 जुलाई, 2025 से 31 दिसंबर, 2025 तक की अवधि के लिए संचालित थी, को एक महीने की अवधि के लिए 31 जनवरी, 2026 तक बढ़ा दिया गया है।
एसपीआरईई योजना को शिमला में ईएसआई निगम की 196वीं बैठक के दौरान अनुमोदित किया गया था, जिसकी अध्यक्षता केंद्रीय श्रम एवं रोजगार एवं युवा मामले एवं खेल मंत्री मनसुख मांडविया ने की थी, और इसका उद्देश्य ईएसआई अधिनियम के तहत सामाजिक सुरक्षा कवरेज को बढ़ाना है। इस विस्तार के साथ, नियोक्ताओं को ईएसआईसी, श्रम सुविधा और एमसीए पोर्टलों के माध्यम से अपने व्यवसायों और कर्मचारियों को डिजिटल रूप से पंजीकृत करने के लिए अतिरिक्त समय मिल गया है, और पंजीकरण नियोक्ता द्वारा निर्दिष्ट तिथि से प्रभावी होगा।
वाणिज्यिक परिवहन सेगमेंट में उतरी ह्यूंडई
ह्यूंडई मोटर इंडिया ने प्राइम टैक्सी शृंखला के साथ वाणिज्यिक परिवहन सेगमेंट में प्रवेश की मंगलवार को घोषणा की। कंपनी ने कहा, फ्लीट संचालकों एवं टैक्सी उद्यमियों की बदलती जरूरतों को ध्यान में रखकर तैयार की गई इस श्रृंखला में प्राइम एचबी (हैचबैक) और प्राइम एसडी (सेडान) मॉडल शामिल हैं। इन मॉडल की शुरुआती कीमत क्रमशः 5,99,900 रुपये और 6,89,900 रुपये (एक्स-शोरूम) है।