अप्रैल में 64,600 अमेरिकी डॉलर (48.5 लाख रुपये) तक पहुंचने के बाद दुनिया की सबसे बड़ी और लोकप्रिय क्रिप्टोकरेंसी, बिटक्वाइन की कीमत में भारी गिरावट देखने को मिली। लेकिन आज क्रिप्टोकरेंसी हरे निशान पर है। अमेरिका की दिग्गज कार कंपनी टेस्ला के मालिक एलन मस्क के एक बयान से बिटक्वाइन की कीमत दो हफ्ते की ऊंचाई पर पहुंच गई है। अब इसकी कीमत 3.28 फीसदी उछलकर 40,285.66 डॉलर हो गई है। यानी भारतीय रुपयों के हिसाब से एक बिटक्वाइन की कीमत 30 लाख रुपये है। हाल में आई तेजी से बिटक्वाइन का बाजार पूंजीकरण 754 अरब डॉलर हो गया है।
अन्य क्रिप्टोकरेंसी की कीमत
- इथेरियम - 2594.88 डॉलर
- डॉजक्वाइन - 0.327 डॉलर
- बाइनेंस क्वाइन - 371.23 डॉलर
- टेथर- 1.00 डॉलर
स्रोत: coinmarketcap.com
एलन मस्क ने बताई भविष्य की योजना
दरअसल टेस्ला के मालिक एलन मस्क ने कहा है कि भविष्य में उनकी कंपनी बिटक्वाइन से कार खरीदने की इजाजत दे सकती है। लेकिन इसके लिए उन्होंने एक शर्त रखी है। उन्होंने कहा कि जब बिटक्वाइन माइनिंग में रिन्यूएबल एनर्जी का उपयोग होगा, तभी ऐसा संभव होगा। अगर बिटक्वाइन की माइनिंग करने वाले लोग स्वच्छ ऊर्जा का प्रयोग करते हैं तो टेस्ला बिटक्वाइन से कार की खरीदारी की इजाजत दे सकती है। इसके बाद से ही बिटक्वाइन की कीमत को पंख लग गए। सोमवार को भी इसमें उछाल आया।
मस्क ने तीन महीने के भीतर बदला अपना फैसला
मालूम हो कि कुछ महीने पहले मस्क ने कहा था कि टेस्ला कंपनी बिटक्वाइन में भी भुगतान लेगी, जिसके बाद बिटक्वाइन की कीमत में जोरदार उछाल आया। लेकिन तीन महीने के भीतर ही एलन मस्क ने अपना फैसला बदलते हुए कहा कि टेस्ला कंपनी क्रिप्टो में भुगतान नहीं लेगी। उन्होंने जलवायु चिंताओं के कारण बिटक्वाइन लेने से इनकार किया था। इस घोषणा के बाद क्रिप्टोकरेंसी धड़ाम हुई थी। मस्क ने कहा था कि क्रिप्टोकरेंसी का आइडिया बहुत ही शानदार है और इसका भविष्य भी काफी उज्जवल है, लेकिन इसका हमारे पर्यावरण पर बहुत ही बुरा असर हो रहा है। उन्होंने कहा कि टेस्ला अब बिटक्वाइन में कार नहीं बेचेगी।