बहुपक्षीय वित्तपोषण एजेंसी एशियाई विकास बैंक (एडीबी) ने बुधवार को कहा कि उसने भारत को कोविड-19 महामारी का मुकाबला करने के लिए सरकार की आपात पहल का समर्थन करने के तहत 30 लाख डॉलर यानी करीब 22 करोड़ रुपये का अनुदान देने को मंजूरी दी है।
इस काम में होगा राशि का इस्तेमाल
यह अनुदान एडीबी अपने एशिया प्रशांत आपदा प्रतिक्रिया कोष से उपलब्ध कराएगा। एडीबी द्वारा जारी एक वक्तव्य में कहा गया है कि इस अनुदान राशि का इस्तेमाल कोविड-19 के खिलाफ भारत की लड़ाई को और मजबूती देने के लिए थर्मल स्कैनर और अन्य आवश्यक उपभोक्ता वस्तुओं की खरीद में किया जाएगा।
जापान सरकार द्वारा वित्तपोषित है अनुदान
यह अनुदान जापान सरकार द्वारा वित्तपोषित है। वक्तव्य में कहा गया है कि, 'यह नया अनुदान एडीबी का भारत सरकार को उसकी कोविड-19 महामारी पर काबू पाने के लिए जारी मुहिम में दिए जा रहे समर्थन का हिस्सा है। इस समर्थन से बिमारी की निगरानी उसका जल्द पता लगाने, संपर्क की तलाश और इलाज कार्यों का विस्तार किया जा सकेगा। इसके साथ ही अन्य सार्वजनिक स्वास्थ्य उपाय भी जारी रहेंगे।'
28 अप्रैल को एडीबी ने दी थी मंजूरी
एडीबी ने 28 अप्रैल को भारत के लिए कोविड-19 पर काबू पाने के लिए त्वरित प्रतिक्रिया और व्यय समर्थन (केयर्स) कार्यक्रम के तहत 1.5 अरब डॉलर की मंजूरी दी थी। यह राशि भारत में गरीब और आर्थिक रूप से कमजोर तबकों, विशेषकर महिलाओं और वंचित समूहों के बीच बीमारी पर नियंत्रण और बचाव, सामाजिक सुरक्षा जैसे त्वरित उपायों में समर्थन देने के लिए मंजूर की गई।
केयर्स कार्यक्रम एडीबी के प्रति-चक्रीय समर्थन सुविधा के तहत कोविड-19 महामारी प्रतिक्रिया विकल्प से वित्तपोषित है। इस सुविधा को एडीबी के 20 अरब डॉलर की विस्तारित सहायता के तहत स्थापित किया गया जो कि उसके विकासशील सदस्य देशों के लिए महामारी पर काबू पाने की त्वरित प्रतिक्रिया स्वरूप बनाया गया। इसकी घोषणा 13 अप्रैल को की गई।